हरियाणा और राजस्थान के विभिन्न जिलों से आए ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों, राजनीतिक पदाधिकारियों, गौशाला संचालकों और ग्रामीणों ने हाल ही में संत रामपाल जी महाराज से मुलाकात की। इस विशेष बैठक में आगंतुकों ने संत जी द्वारा समाज के कल्याण, गरीब वर्ग के उत्थान, किसानों की मदद और गौशालाओं के संरक्षण के लिए चलाए जा रहे सेवा कार्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। इस दौरान कई गांवों के प्रतिनिधियों ने अपने क्षेत्रों के विकास, जल निकासी और गौशालाओं से जुड़ी समस्याएं रखीं, जिन पर सकारात्मक मार्गदर्शन और सहयोग प्रदान किया गया।
मोखरा और महम से बीजेपी मंडल अध्यक्षों का आगमन
रोहतक जिले के मोखरा गांव से भारतीय जनता पार्टी के मंडल अध्यक्ष अपने साथियों के साथ पहुंचे। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे किसी मांग के लिए नहीं, बल्कि संत जी द्वारा गरीबों को दिए जा रहे रोटी, कपड़ा और मकान के निरंतर सहयोग से प्रभावित होकर केवल सम्मान व्यक्त करने आए हैं।
इसी क्रम में रोहतक जिले के महम से बीजेपी मंडल अध्यक्ष भी दर्शन करने पहुंचे। उन्होंने बताया कि संत रामपाल जी महाराज उनके सपने में आ रहे है कई दिन से और वे सभी बैठकें छोड़कर यहां पहुंचे हैं। बातचीत में संत रामपाल जी महाराज ने बताया कि जनसेवा से समाज के साथ-साथ आपदा के समय सरकार को भी सहयोग मिलता है। साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि समाज सेवा अपनी जगह है और परमात्मा की सच्ची भक्ति के लिए नाम दीक्षा का मार्ग परमात्मा पाने में आवश्यक है।
चैनत और सिंघवा खास के पंचायत प्रतिनिधियों की समस्याएं
हांसी क्षेत्र के चैनत गांव से सरपंच और धरना कमेटी के सदस्य संत रामपाल जी महाराज के समक्ष उपस्थित हुए। सरपंच ने गांव के खेल स्टेडियम में जलभराव की गंभीर समस्या और पेयजल व्यवस्था हेतु सबमर्सिबल पंप की मांग रखी।
इसके अतिरिक्त सिंघवा खास गांव से पंचायत सदस्यों ने मुलाकात कर किसानों को मिल रही खाद, कीटनाशक दवाएं और आवास सहायता की प्रशंसा की। उन्होंने गांव में आवश्यक पाइपलाइन विस्तार से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किया, जिस पर संत रामपाल जी महाराज ने स्वयं कहा कि उनको मंजूर समझा जाए।
राजस्थान और हरियाणा के गौशाला प्रतिनिधियों द्वारा आभार
राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले की भादरा तहसील स्थित कलाना गांव से गौशाला अध्यक्ष और ग्राम प्रतिनिधि पहुंचे। उन्होंने क्षेत्र की गौशालाओं और जरूरतमंद किसानों को खाद-बीज उपलब्ध कराने वाली अन्नपूर्णा योजना की सराहना की और गौशाला के लिए सहयोग का अनुरोध किया।
सिरसा जिले के सीमावर्ती गांव जमाल से आए गौशाला अध्यक्ष ने बाढ़ राहत और कोरोना महामारी के दौरान किए गए सेवा कार्यों के लिए संत जी का आभार व्यक्त किया। संत रामपाल जी महाराज ने उनकी डिमांड को सुना और सर्वे के लिए भेजा और उन्हें यह संदेश दिया कि इसको मंजूर ही समझना।
भिवानी जिले के मण्ढाणा गांव की गौशाला के संस्थापक ने बताया कि पिछले वर्ष भीषण संकट के दौरान संत जी की ओर से मिली मोटर और पाइप सहायता से 750 गोवंश की रक्षा हुई थी। उन्होंने बताया कि मई माह में आए तूफान से गौशाला के छह शेड नष्ट हो गए थे, जिसके पुनर्निर्माण हेतु उन्होंने लिखित मांग पत्र सौंपा।
संत रामपाल जी महाराज का सभी आगंतुकों के लिए संदेश
संत रामपाल जी महाराज ने सभी ग्राम पंचायतों, गौशाला संचालकों और जनप्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए निस्वार्थ सेवा का संदेश दिया। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि सभी प्रतिनिधिमंडलों द्वारा दिए गए मांग पत्रों का जमीनी स्तर पर विधिवत सर्वे कराया जाएगा। सर्वे पूरा होते ही संबंधित गांवों और गौशालाओं को संदेश भेज दिया जाएगा और उनकी मांगों को पूरी तरह स्वीकार व मंजूर समझा जाए। इसके साथ ही उन्होंने सभी को सत्कर्म करने और मानव जीवन को सफल बनाने के लिए प्रभु भक्ति से जुड़ने की प्रेरणा दी।
सकारात्मक सहयोग के साथ बैठक का समापन
संत रामपाल जी महाराज से मुलाकात के उपरांत सभी आगंतुकों ने गहरी संतुष्टि और प्रसन्नता व्यक्त की। विभिन्न क्षेत्रों से आए प्रतिनिधियों ने संत जी के लोक कल्याणकारी दृष्टिकोण और गौ-सेवा के प्रति समर्पण को प्रेरणादायक बताया। सभी मांग पत्रों पर त्वरित सर्वे और सहयोग के ठोस आश्वासन के साथ यह भेंट सकारात्मक वातावरण में संपन्न हुई।



