हरियाणा में संत रामपाल जी महाराज से मिलने के लिए लगातार विभिन्न गांवों के सरपंच, पंचायत प्रतिनिधि, किसान, गौशाला संचालक और सामाजिक कार्यकर्ता पहुंच रहे हैं। इन मुलाकातों के दौरान लोगों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं पर चर्चा करने के साथ-साथ समाजहित में किए जा रहे कार्यों के प्रति आभार भी व्यक्त किया। विशेष रूप से किसानों की सहायता, पेयजल व्यवस्था, गरीब परिवारों के लिए मकान, नशामुक्ति अभियान और दहेजमुक्त विवाह जैसे प्रयासों को लेकर लोगों ने अपनी भावनाएं साझा कीं।
इस दौरान कई प्रतिनिधियों ने कहा कि समाज में जिन समस्याओं का समाधान वर्षों से नहीं हो पा रहा था, उनके समाधान के लिए संत रामपाल जी महाराज द्वारा किए जा रहे प्रयासों ने लोगों में नई उम्मीद जगाई है।
सांपला और कसरेटी से पहुंचे प्रतिनिधियों ने रखी पेयजल समस्या
ग्राम पंचायत किशरोटी (रोहतक) के सरपंच व ग्रामीण पहुंचे संत रामपाल जी महाराज के | Sa News
सांपला क्षेत्र से पहुंचे गांव के प्रधान और प्रतिनिधियों ने संत रामपाल जी महाराज से मुलाकात कर अपने क्षेत्र में पीने के पानी की गंभीर समस्या से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि गांव में पर्याप्त पेयजल उपलब्ध नहीं है और टैंकरों के माध्यम से अस्थायी व्यवस्था की जा रही है, लेकिन इससे स्थायी समाधान नहीं निकल पा रहा।
प्रतिनिधियों ने सुझाव दिया कि यदि क्षेत्र में ट्यूबवेल की व्यवस्था हो जाए तो गांव के लोगों को स्थायी राहत मिल सकती है। उन्होंने बताया कि आवश्यक स्थान, बिजली और अन्य सुविधाएं उपलब्ध हैं तथा केवल पानी की व्यवस्था की आवश्यकता है।
मुलाकात के दौरान उन्होंने किसानों की जल निकासी संबंधी एक अन्य समस्या का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि गांव के खेतों में पानी की निकासी के लिए पाइपलाइन की आवश्यकता है, जिससे जलभराव की समस्या का समाधान हो सके।
किसान हित में किए जा रहे कार्यों की सराहना
कसरेटी से पहुंचे प्रतिनिधियों ने कहा कि उन्होंने किसानों के लिए किए जा रहे कार्यों को निकट से देखा है। उनका कहना था कि जिन परिस्थितियों में कई बार सरकारी व्यवस्थाएं भी सीमित दिखाई देती हैं, वहां किसानों के हित में किए गए प्रयासों ने उन्हें प्रभावित किया है।
प्रतिनिधियों ने विशेष रूप से कहा कि किसानों के साथ खड़े रहने और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए किए जा रहे कार्य सराहनीय हैं। उन्होंने संत रामपाल जी महाराज के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे प्रयासों से ग्रामीण समाज में विश्वास बढ़ा है।
उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में भी वे समाज सेवा के ऐसे कार्यों में सहयोग देने के लिए तैयार हैं।
गौशाला प्रतिनिधियों ने भी की मुलाकात
मुलाकात के दौरान गौशाला से जुड़े प्रतिनिधि और पंचायत सदस्य भी संत रामपाल जी महाराज से मिलने पहुंचे। उन्होंने बताया कि पूर्व में गौशाला से संबंधित कार्यों में सहयोग प्राप्त हुआ था, जिसके लिए वे धन्यवाद व्यक्त करने आए हैं।
प्रतिनिधियों ने गौशाला की आवश्यकताओं पर चर्चा करते हुए बताया कि उनकी टीम पहले भी क्षेत्र का निरीक्षण कर चुकी है और आगे भी आवश्यकता के अनुसार सहयोग मिलने की उम्मीद है।
उन्होंने कहा कि समाज के साथ-साथ गौसेवा के क्षेत्र में भी किए जा रहे प्रयास लोगों के लिए प्रेरणादायक हैं। प्रतिनिधियों ने भविष्य में भी सहयोग और मार्गदर्शन मिलने की आशा व्यक्त की।
आठ गांवों की पंचायत ने किया सम्मान
धर्मखेड़ी, बकलाना, मोड़ा, बपरखेड़ा, राग और आसपास के गांवों के सरपंच, पूर्व सरपंच, पंचायत प्रतिनिधि तथा अन्य सामाजिक कार्यकर्ता सामूहिक रूप से संत रामपाल जी महाराज से मिलने पहुंचे।
प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने बताया कि वे विभिन्न गांवों का प्रतिनिधित्व करते हुए समाज सेवा के कार्यों के लिए धन्यवाद व्यक्त करने आए हैं। उन्होंने कहा कि किसानों, गरीब परिवारों और जरूरतमंद लोगों के लिए किए जा रहे प्रयासों ने पूरे क्षेत्र में सकारात्मक प्रभाव छोड़ा है।
प्रतिनिधियों ने सम्मान स्वरूप अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि समाज में ऐसे कार्य लोगों को प्रेरित करते हैं और सेवा के प्रति विश्वास मजबूत करते हैं।
किसानों, गरीबों और समाज सुधार के लिए किए जा रहे कार्यों की प्रशंसा
प्रतिनिधियों ने बातचीत के दौरान कई समाजहित के कार्यों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि किसानों के लिए जल निकासी की व्यवस्था, गरीब परिवारों के लिए मकान, सीमित भूमि वाले किसानों के लिए निःशुल्क बीज और खाद उपलब्ध कराने जैसे प्रयास ग्रामीण समाज के लिए महत्वपूर्ण हैं।
इसके साथ ही उन्होंने नशामुक्ति अभियान और दहेजमुक्त विवाह व्यवस्था की भी सराहना की। प्रतिनिधियों का कहना था कि ये दोनों सामाजिक बुराइयां लंबे समय से समाज को प्रभावित करती रही हैं और इनके विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान से लोगों में जागरूकता बढ़ रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि समाज में अच्छे संस्कारों को बढ़ावा देना, माता-पिता के सम्मान की शिक्षा देना और जरूरतमंद लोगों की सहायता करना ऐसे कार्य हैं जिनसे नई पीढ़ी को सकारात्मक दिशा मिल सकती है।
प्रतिनिधियों के अनुसार, यदि समाज का प्रत्येक व्यक्ति इन मूल्यों को अपनाए तो ग्रामीण जीवन में व्यापक सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिल सकते हैं।
धर्मखेड़ी, उगा और अन्य गांवों से पहुंचे लोगों ने साझा किए अपने अनुभव
आठ गांवों के प्रतिनिधिमंडल के साथ धर्मखेड़ी, उगा तथा आसपास के गांवों से आए कई लोगों ने भी संत रामपाल जी महाराज से मुलाकात की। इनमें कुछ ऐसे श्रद्धालु भी शामिल थे जो पहले से नाम दीक्षा ले चुके थे, जबकि कुछ पहली बार दर्शन करने पहुंचे थे।
एक श्रद्धालु ने बताया कि उनके परिवार में वर्ष 2016 में टेलीविजन के माध्यम से सत्संग सुनने के बाद नाम दीक्षा ली गई थी। उन्होंने कहा कि लंबे समय से उनकी इच्छा थी कि वे स्वयं भी आकर संत रामपाल जी महाराज के दर्शन करें। अब यह अवसर मिलने पर उन्होंने इसे अपने जीवन का सौभाग्य बताया।
वहीं अन्य ग्रामीणों ने कहा कि उनके गांवों में संत रामपाल जी महाराज द्वारा किए जा रहे समाज सेवा कार्यों की लगातार चर्चा हो रही है। विशेष रूप से गरीब परिवारों को सहायता, किसानों के हित में किए गए प्रयास और सामाजिक सुधार अभियानों ने लोगों को प्रभावित किया है।
ग्रामीणों ने गरीब परिवारों की सहायता को बताया प्रेरणादायक
मुलाकात के दौरान कई प्रतिनिधियों ने उन जरूरतमंद परिवारों का उल्लेख किया, जिन्हें पहले सहायता प्रदान की जा चुकी थी। उन्होंने कहा कि जिन परिवारों के माता-पिता नहीं रहे या जो आर्थिक रूप से अत्यंत कमजोर थे, उन्हें समय पर सहयोग मिलने से उनका जीवन बेहतर दिशा में आगे बढ़ा।
प्रतिनिधियों ने बताया कि ऐसे कार्य केवल आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं हैं, बल्कि समाज में यह संदेश भी देते हैं कि कठिन परिस्थितियों में भी जरूरतमंद लोगों का साथ देना सबसे बड़ी मानव सेवा है। उन्होंने कहा कि उनके गांवों में इन कार्यों की सकारात्मक चर्चा होती है और लोग इसे समाज के लिए प्रेरणादायक उदाहरण के रूप में देखते हैं।
नशामुक्ति और दहेजमुक्त अभियान की ग्रामीणों ने की सराहना
आठ गांवों से आए प्रतिनिधियों ने कहा कि समाज में नशे और दहेज जैसी समस्याएं लंबे समय से परिवारों को प्रभावित करती रही हैं। उनके अनुसार इन दोनों सामाजिक बुराइयों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का सकारात्मक प्रभाव दिखाई दे रहा है।
उन्होंने कहा कि यदि गांवों के बुजुर्ग और युवा मिलकर इन बुराइयों के विरुद्ध आगे आएं तो समाज में बड़ा परिवर्तन संभव है। प्रतिनिधियों ने इस दिशा में लोगों को जागरूक करने और अच्छे संस्कारों को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
ग्रामीणों का कहना था कि समाज सुधार केवल सरकारी प्रयासों से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए सामाजिक भागीदारी और जागरूकता भी उतनी ही आवश्यक है।
राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश अध्यक्ष इलियास खान ने की मुलाकात
राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश अध्यक्ष (अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ) इलियास खान भी संत रामपाल जी महाराज से मिलने पहुंचे।
उन्होंने किसानों और मजदूरों के हित में किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि समाज के कमजोर वर्गों के लिए ऐसे प्रयास महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि किसानों के उत्थान के लिए किए जा रहे कार्यों ने उन्हें प्रभावित किया और इसी कारण वे स्वयं आकर मुलाकात करना चाहते थे।
मुलाकात के दौरान उन्होंने समाजहित के कार्यों में सहयोग की इच्छा भी व्यक्त की। इस पर संत रामपाल जी महाराज ने कहा कि उनका उद्देश्य धर्म और मानवता के आधार पर समाज सेवा करना है तथा लोगों के कल्याण के लिए कार्य करना ही सबसे बड़ी प्राथमिकता है।
राजस्थान से पहुंचे शिक्षाविद ने भी साझा किए अपने विचार
राजस्थान के लाडनूं से आए एक शिक्षण संस्थान के निदेशक ने भी संत रामपाल जी महाराज से भेंट की। उन्होंने कहा कि किसानों और मजदूरों के लिए किए जा रहे कार्यों को देखकर वे प्रभावित हुए हैं। उन्होंने विशेष रूप से सीमित भूमि वाले किसानों के लिए सहायता और जरूरतमंद परिवारों के प्रति अपनाई गई संवेदनशीलता की सराहना की।
मुलाकात के दौरान उन्होंने अपने क्षेत्र के एक जरूरतमंद परिवार का भी उल्लेख किया और भविष्य में उसके लिए सहयोग की अपेक्षा व्यक्त की। साथ ही उन्होंने समाज सेवा के ऐसे प्रयासों को प्रेरणादायक बताया।
समाज के विभिन्न वर्ग क्यों पहुंच रहे हैं संत रामपाल जी महाराज से मिलने?
इस दौरान हुई मुलाकातों से स्पष्ट होता है कि अलग-अलग क्षेत्रों से आने वाले लोगों के उद्देश्य अलग हो सकते हैं, लेकिन उनकी भावना समाजहित और सकारात्मक बदलाव से जुड़ी हुई दिखाई देती है।
किसी ने अपने गांव की पेयजल समस्या के समाधान के लिए सुझाव रखा, किसी ने किसानों के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की, तो किसी ने नशामुक्ति, दहेजमुक्त विवाह और गरीब परिवारों की सहायता जैसे अभियानों को समाज के लिए उपयोगी बताया। वहीं कई लोग केवल दर्शन कर अपने अनुभव साझा करने और आभार व्यक्त करने पहुंचे।
बढ़ता विश्वास और समाज सेवा की प्रेरणा
हरियाणा के विभिन्न गांवों से आए सरपंचों, पंचायत प्रतिनिधियों, किसान नेताओं, शिक्षाविदों और अन्य आगंतुकों की इन मुलाकातों से यह स्पष्ट दिखाई देता है कि समाज के विभिन्न वर्ग सेवा, सामाजिक जागरूकता और आध्यात्मिक मूल्यों से जुड़े विषयों पर संवाद करने के लिए एक साझा मंच की तलाश कर रहे हैं।
मुलाकात के दौरान लोगों ने किसानों की समस्याओं, पेयजल व्यवस्था, गरीब परिवारों की सहायता, गौसेवा, नशामुक्ति और दहेजमुक्त समाज जैसे विषयों पर अपने विचार साझा किए। प्रतिनिधियों ने इन प्रयासों की सराहना करते हुए आशा व्यक्त की कि समाज में सहयोग, जागरूकता और सेवा की भावना इसी प्रकार आगे भी मजबूत होती रहेगी।



