जानिए पांच नदियों से घिरे राज्य, पंजाब (Punjab) के बारे में सामान्य जानकारी

Published on

spot_img

भारत के उत्तर पश्चिम में स्थित राज्य पंजाब जिसे पांच नदियों का क्षेत्र कहा जाता है। पंजाब की पांच नदियां सतलुज, ब्यास, रावी, चिनाब और झेलम हैं। आज के पंजाब में सतलुज, ब्यास और रावी नदियां बहती हैं। बांकी दो चिनाब और रावी नदियां पाकिस्तान में स्थित पंजाब में हैं। पंजाब जितना अपनी सम्पन्नता के लिए प्रसिद्ध है उतना ही बलिदानों की कथाओं के लिए भी पंजाब का स्मरण किया जाता है। पंजाब के बारे में विस्तार से जानने के लिए पढ़ना जारी रखें…

पंजाब प्रांत का कुल भौगोलिक क्षेत्रफल 50362 वर्ग किलोमीटर हैं। औसत ऊंचाई समुद्र तल से 300 मीटर है जो दक्षिण पश्चिम में 180 मीटर से लेकर पूर्वोत्तर सीमा के आसपास 500 मीटर से अधिक हैं।

पंजाब 29.30° उत्तरी और 32.32°उत्तरी अक्षांशो तथा 73.55°पूर्वी और 76.50° पूर्वी देशांतरो के बीच स्थित हैं।

पंजाब की सीमा पश्चिम में पाकिस्तान, उत्तर में जम्मू और कश्मीर राज्य, उत्तर पूर्व दिशा में हिमाचल प्रदेश और दक्षिण में हरियाणा और राजस्थान राज्यों से लगती हैं। राज्य में गर्मियों के समय काफी ज्यादा गर्मी, सर्दियों में बहुत ज्यादा सर्दी का मौसम रहता हैं मानसून में बारिश भी काफ़ी मात्रा में होती है, जो कृषि भूमि को उपजाऊ बनाने में उपयोगी है। उपजाऊ भूमि के कारण ही पंजाब प्रति हेक्टेयर गेंहू उत्पादन में भारत में प्रथम स्थान पर हैं।

पंजाब प्रांत का गठन 1 नवंबर 1966 को हुआ। पंजाब की राजधानी चण्डीगढ़ है। वर्तमान पंजाब में कुल 23 जिले हैं 23वां जिला मलेरकोटला 14 मई 2021 में बनाया गया। क्षेत्रफल की दृष्टि से लुधियाना पंजाब का सबसे बड़ा जिला हैं पंजाब और हरियाणा प्रांत का उच्च न्यायालय चण्डीगढ़ में हैं। वर्तमान में उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायधीश श्री शील नागू जी हैं। राज्य से कुल 20 सदस्य संसद में बैठते हैं जिसमें 13 सदस्य लोकसभा में और 7 सदस्य राज्यसभा में बैठते हैं। पंजाब की विधान सभा में 117 सदस्य निर्वाचित किए जाते हैं। वर्तमान में पंजाब के राज्यपाल श्री गुलाब चंद कटारिया हैं और मुख्यमंत्री श्री भगवंत मान जी हैं।

पंजाब प्रांत में मौजूद धार्मिक स्थलों तथा पर्यटन स्थलों से हमें यहां की संस्कृति, यहां के इतिहास की झलक स्पष्ट रूप से देखने को मिलती है। धार्मिक स्थल में अमृतसर का श्री हरमंदिर साहिब जो स्वर्ण मंदिर के नाम से प्रसिद्ध है यह सिख धर्म का धार्मिक गुरुद्वारा है जिसे सिखों के चौथे गुरू रामदास जी ने 15वी सदी में सरोवर के बीच में बनवाया था। इसके अलावा अमृतसर में जलियाँवाला बाग, वाघा बॉर्डर, महाराजा रणजीत सिंह संग्रहालय है। पटियाला में शीश महल, किला मुबारक, मोती बाग पैलेस, काली देवी मंदिर, चंडीगढ़ में सिख अजायबघर, सुखना झील, रॉक गार्डन, रोज़ गार्डन आदि प्रमुख सांस्कृतिक स्थल हैं। 

■ Also Read: तुलसीदास जयंती: गोस्वामी तुलसीदास की जीवन यात्रा और रामचरितमानस की महत्ता

तरनतारन में उत्तर भारत का सबसे बड़ा मानव निर्मित आद्र भूमि वाला स्थान हरीके वेटलैंड्स पक्षियों की दुर्लभ प्रजातियों  का मुख्य स्थल है। लुधियाना और अंबाला के बीच में सरहिंद जिसे हिंदुस्थान का प्रवेश द्वार भी कहा जाता है। इसके अलावा जालंधर में सीमा देवी तालाब और शीतला मंदिर से लेकर मैरी कैथेड्रल चर्च, इमाम नासिर जैसे भिन्न भिन्न प्रकार की मस्जिद दर्शनीय है। वैसे यूं कहना लाजमी ही होगा कि पंजाब के हर जिले में ऐतिहासिक संस्कृति की झलक देखने को मिलती है।

पंजाब के खान-पान की बात करें तो यहां मक्के की रोटी और सरसों का साग बहुत ही मशहूर है। इसके साथ यहां की लस्सी, छोले भटूरे, राजमा और परांठे भी बहुत स्वादिष्ट होते हैं। पंजाब के प्रत्येक क्षेत्र में आपको एक अलग स्वाद और एक अलग ही खुशबू मिलेगी। पंजाब के लोग जितना खाने के शौकीन हैं उतने ही दिल से खिलाने के भी शौकीन हैं। पंजाब के प्रसिद्ध व्यंजनों को देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी बहुत पसंद किया जाता है।

पंजाब प्रांत ने अपने इतिहास, संस्कृति, खानपान, पहनावे, भाषा आदि प्रत्येक क्षेत्र में एक अलग ही पहचान बनाई है यहां कि पंजाबी भाषा विदेशों में भी बोली जाती हैं पंजाब की धरती पर ही भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु जैसे देशभक्त हुए है जो देश के लिए फांसी पर चढ़ गए। श्री गुरु नानक देव जी जैसे संत महात्मा हुए है जिन्होंने भूखों को लंगर (भोजन) खिलाने जैसी प्रथा को चलाकर भूखों और गरीबों को सहारा दिया आज भी पूरे पंजाब में यह सेवा की जा रही है। पंजाब के किसानों की मेहनत से ही हरित क्रांति में सफ़लता मिली। पूरे देश में सबसे समृद्ध किसान पंजाब का किसान है। अन्त में यही कहा जा सकता है कि पंजाब ने आजादी के बाद कम समय में अपनी एक अलग पहचान बनाई है और देश के विकास में भी महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

Q.1 पंजाब के वर्तमान सीएम कौन हैं?

Ans. भगवंत मान।

Q.2 पंजाब के वर्तमान राज्यपाल कौन हैं?

Ans. श्री गुलाब चंद कटारिया।

Q.3 पंजाब प्रान्त का गठन कब हुआ था?

Ans. 1 नवंबर 1966 को।

Q.4 पंजाब का पुराना नाम क्या था?

Ans. संस्कृत भाषा के कुछ ग्रंथों में वैदिक काल में पंजाब का सप्त सिंधु नाम भी उल्लेखित है।

Q.5 पंजाब प्रांत की राजधानी का नाम क्या है?

Ans. चंडीगढ़।

Latest articles

अन्नपूर्णा मुहिम फेज़ 2 ने समाप्त किया 7 वर्षों का इंतज़ार : कैसे संत रामपाल जी महाराज ने हनुमानगढ़ के बिराण गांव को जीवनदायी...

भीषण जलभराव जैसी प्राकृतिक आपदाएं किसानों से उनकी आजीविका, सम्मान और भविष्य छीन लेती...

August Kranti 2026: The 84th Quit India Movement Commemorating Day

Last Updated on 4 August 2026 IST: This year on 8 August, which falls...

संत रामपाल जी महाराज की अन्नपूर्णा मुहिम फेज़ 2 ने जींद के बाढ़ प्रभावित धमतान साहिब गांव को दी स्थायी राहत

हरियाणा के जींद जिले की नरवाना तहसील स्थित धमतान साहिब गांव के निवासी वर्षों...

कैसे संत रामपाल जी महाराज ने जींद के गढ़वाली गांव की दशकों पुरानी जलभराव समस्या का समाधान किया

हरियाणा के जींद जिले में लगातार जलभराव और बाढ़ के कारण कृषि आधारित आजीविका...
spot_img

More like this

अन्नपूर्णा मुहिम फेज़ 2 ने समाप्त किया 7 वर्षों का इंतज़ार : कैसे संत रामपाल जी महाराज ने हनुमानगढ़ के बिराण गांव को जीवनदायी...

भीषण जलभराव जैसी प्राकृतिक आपदाएं किसानों से उनकी आजीविका, सम्मान और भविष्य छीन लेती...

August Kranti 2026: The 84th Quit India Movement Commemorating Day

Last Updated on 4 August 2026 IST: This year on 8 August, which falls...

संत रामपाल जी महाराज की अन्नपूर्णा मुहिम फेज़ 2 ने जींद के बाढ़ प्रभावित धमतान साहिब गांव को दी स्थायी राहत

हरियाणा के जींद जिले की नरवाना तहसील स्थित धमतान साहिब गांव के निवासी वर्षों...