National Doctor’s Day 2022 [Hindi] पर जानिए वास्तविक चिकित्सक कौन है?

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Last Updated on 2 July 2022, 1:48 PM IST | National Doctor’s Day in Hindi | प्रतिवर्ष 1 जुलाई को बिधानचन्द्र रॉय (Bidhanchandra Roy) के जन्मदिन को राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day 2022) के रूप में मनाया जाता है। इस दिवस को मनाने का ध्येय लोगों में चिकित्सकों (Doctors) के प्रति सहानुभूति रखते हुए उन्हें समाज में सम्मानित करना है व समाज को चिकित्सकों के महत्व से अवगत कराना है। दुनिया में किसान और जवान के समान ही चिकित्सक की भूमिका भी बेहद महत्वपूर्ण है जिनके बिना समाज की कल्पना करना असंभव है। चिकित्सक रोगी को मौत के मुंह से भी निकालकर ले आते हैं। प्रियपाठकों को बताएंगे कि वो कौन सा चिकित्सक है जो जन्म-मरण नाम के दीर्घ रोग से मुक्ति दिला सकता है जिसका वर्णन सद्ग्रन्थों में है?

Table of Contents

राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day 2022 in Hindi) सम्बंधी मुख्य बिंदु

  • प्रतिवर्ष 1 जुलाई को डॉ. बिधानचन्द्र रॉय के जन्मदिन को राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day) के रूप में मनाया जाता है
  • इस वर्ष 32वां राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day) मनाया जाएगा
  • डॉ बिधानचन्द्र रॉय का जन्‍मदिवस और पुण्यतिथि दोनों ही 1 जुलाई को होती हैं
  • देश के सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न से अलंकृत विभूति हैं डॉ. बिधानचन्द्र रॉय
  • इंडियन मेडिकल असोसियेशन (IMA) ने भारत में 1991 से राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस मनाने की शुरुआत की। तब से प्रत्येक वर्ष 1 जुलाई को राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day) मनाया जाता है।
  • इस दिन चिकित्सकों को उनके कार्यों व अमूल्य योगदान के लिए सम्मानित किया जाता है।
  • वर्तमान समय में जन्म-मरण जैसे दीर्घ रोग से मुक्ति दिलाने की सतभक्ति रूपी दवा संत रामपाल जी महाराज जी के पास है

राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस का इतिहास (History of National Doctor’s day in Hindi)

आइए जानते हैं 1 जुलाई को भारत में राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस मनाने के पीछे क्या वजह है? 1 जुलाई के दिन देश के प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. बिधानचंद्र रॉय को श्रद्धांजलि और सम्मान देने के लिए उनकी जयंती और पुण्यतिथि पर इसे मनाया जाता है। उनका जन्म 1 जुलाई 1882 में बिहार के पटना जिले में हुआ था। कोलकाता में मेडिकल की शिक्षा पूरी करने के बाद डॉ. राय ने एमआरसीपी और एफआरसीएस की उपाधि लंदन से प्राप्त की। 1911 में उन्होंने भारत में चिकित्सकीय जीवन की शुरुआत की। इसके बाद वे कोलकाता मेडिकल कॉलेज में व्याख्याता बने। वहां से वे कैंपबैल मेडिकल स्कूल और फिर कारमिकेल मेडिकल कॉलेज गए। 

National Doctor’s Day in Hindi: इसके बाद वे राजनीति में आ गए। वे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (Indian National Congress) के सदस्य बने और बाद में उन्होंने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री का पद भी संभाला। डॉ. राय को उनके अद्वितीय योगदान के लिए  सन् 1961 में तत्कालीन भारत सरकार द्वारा देश के सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न से सम्मानित किया गया था। 80 वर्ष की आयु में 1962 में अपने जन्मदिन के दिन यानी 1 जुलाई को ही उनकी मृत्यु हो गई थी।

महान फिजिशियन डॉ. बिधान चंद्र रॉय पं. बंगाल के दूसरे मुख्यमंत्री भी थे और उन्हें उनके दूरदर्शी नेतृत्व के लिए उन्हें पं. बंगाल राज्य का आर्किटेक्ट भी कहा जाता है। डॉ. बिधानचन्द्र रॉय के अमूल्य योगदान की स्मृति में 1 जुलाई 1991 को तत्कालिक सरकार द्वारा राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National doctor’s Day) मनाने की घोषणा की गई थी। तब से प्रतिवर्ष 1 जुलाई को राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (नेशनल डॉक्टर्स डे) मनाया जाता है। भारत के महान चिकित्सक और पश्चिम बंगाल के दूसरे मुख्यमंत्री को सम्मान और उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए यह दिवस मनाया जाता है।

प्राचीन काल से ही महान चिकित्सकों की भूमि है भारत देश

National Doctor’s Day in Hindi | चिकित्सक को इंसान के रूप में भगवान के तुल्य माना जाता है जो रोगी को एक नई जिंदगी प्रदान करता है। भारत में प्राचीन काल से ही वैद्य परंपरा रही है, जिनमें धनवन्तरि, अश्विनी, चरक, सुश्रुत, जीवक आदि रहे हैं। वैदिक काल में जो महत्व और स्थान अश्विनी को प्राप्त था वही पौराणिक काल में धन्वंतरि को प्राप्त हुआ। हिन्दू धार्मिक मान्यताओं के अनुसार धनवन्तरि का देवता के रूप में पूजन किया जाता है।

कैसे मनाया जाता है राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस? (How to Celebrate National Doctor’s Day?)

इस दिन को लोग अपने–अपने तरीके से मनाते हैं। किन्तु कुछ संगठनों द्वारा इसे निम्न तरीके से मनाया जाता है –

  • जुलाई की 1 तारीख को अधिकतर मरीज अपने चिकित्सक (Doctor) को धन्यवाद करते हुए उन्हें ग्रीटिंग कार्ड्स, प्रशंसा कार्ड, ई-कार्ड्स, फूलों के गुलदस्ते, मेल के माध्यम से ग्रीटिंग मेसेज आदि देते हैं। स्वास्थ्य केन्द्रों, अस्पतालों, नर्सिंग होम या डॉक्टर्स द्वारा घरों पर विशेष मीटिंग, पार्टी एवं डिनर का आयोजन किया जाता है, ताकि मेडिकल प्रोफेशन के लिए डॉक्टर्स और उनके योगदान के महत्व को याद किया जा सके।
  • हर किसी के जीवन में चिकित्सकों की महत्वपूर्ण भूमिकाओं के बारे में जागरूक करने के लिए मुफ्त में ब्लड टेस्ट, रैंडम शुगर टेस्ट, ईसीजी, ईईजी, ब्लड प्रेशर चेकअप आदि गतिविधियों का आयोजन किया जाता है।
  • इस दिन चिकित्सा प्रोफेशन के विभिन्न पहलुओं जैसे स्वास्थ्य जाँच, इलाज, रोकथाम, रोग का उचित उपचार आदि इसी तरह के कई मुद्दों के बारे में चर्चाएँ करने के लिए कार्यक्रम आयोजित किये जाते हैं।
  • इस दिन हेल्थ केयर संगठनों द्वारा कई स्वास्थ्य केन्द्रों और सार्वजनिक स्थानों पर आम जनता के लिए कुछ चिकित्सा जाँच शिविर आयोजित किये जाते हैं, जो कि पूर्णतया निःशुल्क होते हैं।
  • इसके अलावा इस दिन गरीबों एवं वरिष्ठ नागरिकों के बीच हेल्थ स्टेटस, हेल्थ काउंसलिंग, हेल्थ पोषण पर बातचीत और पुरानी बीमारियों की जागरूकता का आंकलन करने के लिए जनरल स्क्रीनिंग टेस्ट शिविर भी आयोजित किये जाते हैं।
  • चिकित्सकों (Doctors) द्वारा दिए गये योगदान से परिचित कराने के लिए सरकारी और निजी स्वास्थ्य संगठनों में विभिन्न तरह के कार्यक्रम आयोजित किये जाते हैं।

राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day) मनाने का उद्देश्य

चिकित्सक दिवस (National Doctor’s Day 2022) मनाने के पीछे उद्देश्य चिकित्सकों के प्रति सहानुभूति रखते हुए उन्हें समाज में सम्मान का स्थान देना है। दुनिया में किसान और जवान के समान ही चिकित्सक की भूमिका भी बेहद महत्वपूर्ण है, जिनके बिना समाज की कल्पना असंभव है। रोगी जब चिकित्सक के पास जाता है तो वह याचक के रूप में होता है और चिकित्सक दानी। 

■ Read in English | Jagannath Puri Rath Yatra: Know the Real Story of Jagannath

चिकित्सक रोगी को मौत के मुंह से भी निकालकर ले आता है। डॉक्टर आयुर्वेदिक, ऐलोपैथी, यूनानी आदि अलग-अलग चिकित्सा पद्धतियों के जरिए मरीज को ठीक करने का प्रयास करता है। विश्‍व भर में कोरोना जैसी खतरनाक महामारी में डॉक्टर्स ने अपनी भूमिका तत्परता से निभाई।

Importance of celebrating Doctor’s Day (चिकित्सक दिवस मनाने का महत्व)

यह दिन उन चिकित्सकों  (Doctors) की आंख खोलने का दिन है, जो अपने पेशे के प्रति ईमानदार नहीं है। इस दिन को मनाने से वे अपने पेशे की ओर प्रतिबद्ध होते है।

National Doctor’s Day in Hindi: कभी–कभी आम और गरीब लोग, गैर जिम्मेदार और गैर–व्यावसायिक चिकित्सक के गलत साथ में फंस जाते हैं, जो उन चिकित्सक के खिलाफ सार्वजनिक हिंसा और विरोध का कारण बन जाता है। यह जागरूकता अभियान सभी चिकित्सकों को एक ही स्थान पर आकर्षित करने का एक शानदार तरीका है, इससे उन्हें जीवन रक्षक मेडिकल प्रोफेशन की दिशा में जिम्मेदारी के एक ट्रैक में लाया जा सकता है। इस दिन का उत्सव पूरे पेशेवर चिकित्सकों, जिन्होंने रोगियों के जीवन को बचाने के लिए अपने महान प्रयास किये हैं। उनका सम्मान करने एवं विशेष रूप से उनके प्रयासों और भूमिकाओं का जश्न मनाने के लिए समर्पित किया गया है। यह उनके दिन, उनके प्यार, स्नेह और उनके रोगियों की अनमोल देखभाल के लिए धन्यवाद देने का एक दिन है। इसलिए इस दिन को एक उत्सव के रूप में मनाया जाता है।

(Inspiration Quotes on National Doctor’s Day in Hindi) : राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस पर प्रेरणादायक उद्धरण

  • एक डॉक्टर ही होता है जो रोते हुए आये हुए को हँसाते हुए भेजता है, परन्तु पूर्ण गुरु कभी भी अपने साधक को दुःखी नहीं होने देता है।
  • स्वास्थ्य लाभ में दवाई ही हमेशा जरुरी नहीं होती है, इसके लिए विश्वास भी जरुरी होता है, वरन जीवन में सर्व लाभों के लिए सर्वाधिक आवश्यक सतभक्ति है।
  • एक डॉक्टर अपने मरीज के स्वास्थ्य को लेकर हमेशा चिंतित रहता है तथा पूर्ण गुरु अपने शिष्यों को सर्व चिंताओं से आश्वस्त करता है।
  • एक अच्छा डॉक्टर दवा कम, ख्याल ज्यादा रखने की सलाह देता है, जबकि तत्वदर्शी संत अपने शिष्य का ख्याल ऐसे रखता है जैसे माता अपने गर्भ का।
  • सच कहते हैं जीवन जीना एक कला है कई बार मौत के करीब से आपको वापस लाने वाला डॉक्टर उसकी सही कीमत बता जाता है, परन्तु पूर्ण परमात्मा कविर्देव जी मुर्दे को भी जीवनदान प्रदान करते हैं।
  • डॉक्टर जब विनम्रता और मुस्कुराकर बात करते हैं तो रोगी का आधा दुःख-दर्द बिना दवा किये ही ठीक हो जाता है, पूर्ण परमात्मा कविर्देव जी के आशीर्वाद से असाध्य रोगी का सर्व रोग समाप्त हो जाता है।
  • डॉक्टर बनने के बाद पैसा कमाने के साथ-साथ मानव सेवा जरूर करें।
  • एक सच्चा संत शास्त्रानुकूल सत्य साधना करने की सलाह देता है जिससे किसी भी प्रकार की बीमारी आसानी से ठीक हो जाती है।

National Doctor’s Day 2022 Theme [Hindi]

प्रतिवर्ष इस दिन को एक उपयुक्त विषय के साथ आयोजित किया जाता है। इस वर्ष की Theme है ’फैमिली डॉक्टर्स ऑन दि फ्रंट लाइन’। इस थीम का उद्देश्य डॉक्टर्स के योगदान को समाज में सबके समक्ष पेश करना है।

क्या होता है चिकित्सक (Doctor)

वह व्यक्ति जो शिक्षित, प्रशिक्षित/ अनुभवी हो और किसी बीमारी का निदान व उपचार करता है चिकित्सक/ डाक्टर कहलाता है।( दवाओं, रोग तथा आयुर्विज्ञान का ज्ञान रखतें हैं।) जो पीड़ित/रोगी के अच्छे स्वास्थ्य के लिए अपनी जान की परवाह न करते हुए अपनी सर्वस्व मेहनत का समर्पण कर दे। चिकित्सक को डॉक्टर, वैद्य, हकीम, तबीब आदि नामों से जाना जाता है। इंसानों की बस्ती में चिकित्सक को भगवान के तुल्य माना जाता है।

शास्त्रानुसार कौन है वो वास्तविक चिकित्सक, जो जन्म-मरण रूपी दीर्घ रोग से मुक्ति दिला सकते हैं?

आदरणीय संत गरीबदास जी महाराज ने कहा है कि सर्व रोगनाशक वैद्य/चिकित्सक/तबीब  बंदी छोड़ कबीर जी हैं।

हरदम खोज हनोज हाजिर, त्रिवेणी के तीर हैं।

दास गरीब तबीब सतगुरु, बन्दी छोड़ कबीर हैं।।

उपरोक्त अमृतमयी वाणी का भावार्थ है कि शारीरिक रोग तथा जन्म-मरण के रोगों के वैद्य परमेश्वर कबीर जी हैं। उनके बताए भक्ति मार्ग से असाध्य रोग जो शरीर के हैं, वे समाप्त हो जाते हैं तथा जन्म-मृत्यु का दीर्घ रोग जो श्री ब्रह्मा, श्री विष्णु व श्री शिव जी को भी लगा है, वह भी कबीर तबीब अर्थात वैद्य/चिकित्सक रूपी कबीर परमेश्वर से समाप्त हो जाता है। कबीर जी बन्दी छोड़ हैं ।

  • यजुर्वेद अध्याय 5 के मंत्र 32 में वर्णन है 

अमर करूं सतलोक पठाऊँ, ताते बन्दी छोड़ कहाऊँ।|

कर्म बंधनों से मुक्ति मिलने पर प्राणी अमर मोक्ष प्राप्त करता है। परमेश्वर कबीर जी की सत्य साधना करने से सर्व पाप कर्म नष्ट हो जाते हैं। तब भक्त (साधक) अमर हो जाता है, परमात्मा कविर्देव जी उसे सतलोक भेज देते हैं।

वर्तमान समय में कौन है वास्तविक चिकित्सक की भूमिका में ?

वर्तमान समय में पूर्ण परमेश्वर कबीर जी स्वयं पूर्ण संत रामपाल जी महाराज जी के रूप में इस पृथ्वीलोक अर्थात मृत्युलोक में जन्म-मरण के दीर्घ रोग से मुक्ति दिलाने के लिए आये हुए हैं, कृपया सत्य को पहचानें व कीमती समय के मर्म को पहचानते हुए संत रामपाल जी महाराज से आज ही निःशुल्क नामदीक्षा प्राप्त कर इस जन्म-मरण रूपी दीर्घ रोग से छुटकारा पाएं। संत रामपाल जी महाराज जी के सत्संग श्रवण हेतु सतलोक आश्रम यूट्यूब चैनल को देखे।

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