एक दशक पुरानी त्रासदी का अंत: संत रामपाल जी महाराज ने फतेहाबाद के चिंदड़ गांव को दी स्थायी बाढ़ राहत

Published on

spot_img

फतेहाबाद, हरियाणा का चिंदड़ गांव एक दशक से जलभराव के संकट से जूझ रहा था। हाल की भारी बारिश ने 3,000 एकड़ जमीन डुबो दी और 100 से अधिक परिवारों को विस्थापित कर दिया। सरकारी प्रयास विफल रहे, लेकिन एक बस ड्राइवर की सूचना ने उम्मीद जगाई। सरपंच सुमित कुमार गोदारा ने संत रामपाल जी महाराज से 21,000 फुट पाइप और दो 15 HP मोटर की प्रार्थना करी। कुछ ही दिनों में, ट्रकों का काफिला सामग्री लेकर पहुंचा, जो स्थायी समाधान बना। यह लेख बताता है कि कैसे चिंदड़ का संकट आशा की कहानी बना।

चिंदड़ गांव में दशक पुराना संकट

फतेहाबाद का चिंदड़ गांव, जो भुनोई बलियान के पास है, 10-11 साल से जलभराव की त्रासदी झेल रहा था। सरपंच सुमित कुमार गोदारा ने स्थिति को “दयनीय” बताया। हाल की बारिश ने 3,000 एकड़ कृषि भूमि डुबो दी, जिससे फसलें नष्ट हो गईं। 100 से अधिक परिवारों को मवेशियों और बच्चों के साथ रिश्तेदारों के पास शरण लेनी पड़ी। मुख्य सड़कें बंद हो गईं, और बच्चे स्कूल नहीं पहुंच पा रहे थे। डिस्पेंसरियां बंद होने से स्वास्थ्य सेवाएं ठप थीं, और मवेशियों के लिए चारा कम पड़ गया।

2010-11 से सरकारी और स्थानीय प्रयास विफल रहे। सरपंच ने बताया कि मांगें प्रशासनिक कागजी कार्रवाई में अटक जाती थीं, जिससे समस्या और गंभीर हो गई।

उम्मीद की किरण: बस ड्राइवर की सूचना

बदलाव की शुरुआत एक अप्रत्याशित कॉल से हुई। सरपंच गोदारा को सोशल मीडिया पर संत रामपाल जी महाराज के राहत कार्यों की जानकारी मिली। तभी एक अपरिचित बस ड्राइवर, जो खुद को संत जी का “दास” बता रहा था, ने खरखेरी भट्टू रोड से कॉल कर संत रामपाल जी महाराज से मदद लेने की सलाह दी। सरपंच ने स्थानीय भक्त से संपर्क किया, जिन्होंने पंचायत को रतिया के नंगल गांव में सेवा अभियान दिखाया। वहां एक गरीब परिवार के लिए रातोंरात घर बनते और मलबा हटते देख पंचायत प्रभावित हुई और संत जी से मदद मांगने का फैसला किया।

प्रार्थना और त्वरित प्रतिक्रिया

सरपंच सुमित कुमार गोदारा के नेतृत्व में पंचायत ने बरवाला में संत रामपाल जी महाराज को प्रार्थना पत्र सौंपा, जिसमें 21,000 फुट 8 इंची पाइप और दो 15 HP पनडुब्बी मोटर की मांग थी, ताकि पानी को 7 किमी दूर फतेहाबाद और किशनगढ़ ब्रांच नहरों तक ले जाया जाए। चार दिन के भीतर प्रार्थना स्वीकार हो गई। ट्रस्ट ने भारी मात्रा में सामग्री जुटाई और 8-10 ट्रकों का काफिला चिंदड़ पहुंचा, जिसमें उच्च गुणवत्ता वाले पाइप, मोटर, स्टार्टर, केबल, और “सुई से लेकर मोर्टार” तक का सामान था।

सामग्री विवरण तालिका

सामग्री का नाममात्रा / विवरण
पाइप21,000 फुट (8 इंची व्यास)
पनडुब्बी मोटर2 यूनिट (15 HP प्रत्येक)
स्टार्टरआवश्यकतानुसार
केबलआवश्यकतानुसार
नट-बोल्टपर्याप्त मात्रा
फेविकोल / चिपकने वाला पदार्थपर्याप्त मात्रा
अन्य उपकरणसभी आवश्यक सामान

जीवन दान की डिलीवरी

ग्रामीणों ने सामग्री की डिलीवरी को “चमत्कार” बताया। वर्षों की मांग कुछ ही दिनों में पूरी हो गई। 21,000 फुट पाइप और दो 15 HP मोटर 3,000 एकड़ को भविष्य की बाढ़ से बचाने के लिए थे। यह संत रामपाल जी के बाढ़ राहत सेवा अभियान का हिस्सा है, जिसने 200 से अधिक गांवों की मदद की। अभियान का जोर दिखावे पर नहीं, बल्कि ठोस परिणामों पर है।

Also Read: संकट से ‘स्थायी वरदान’ तक: संत रामपाल जी महाराज ने हरियाणा के बाढ़ग्रस्त सुलखनी गांव को कैसे बचाया

कार्रवाई और पारदर्शिता का आदेश

संत रामपाल जी महाराज के सख्त निर्देश: ग्रामीणों को ट्रस्ट द्वारा सुनाए गए

  • समय पर कार्रवाई: गांव को अगली बुआई से पहले पानी निकालना होगा, वरना भविष्य में सहायता नहीं मिलेगी।
  • पारदर्शिता: बाढ़ग्रस्त गांव का ड्रोन वीडियो बनाया गया। पानी निकलने और फसल लहलहाने के बाद भी दो और वीडियो बनेंगे, जो सतलोक आश्रमों में दिखाए जाएंगे।
  • स्थायी समाधान: पाइप और मोटर को “अनमोल उपहार” बताते हुए, इन्हें जमीन में दबाने को कहा गया, ताकि भविष्य की बारिश में तुरंत पानी निकाला जा सके।

सरपंच गोदारा ने शर्तें स्वीकार कीं और समय पर कार्य पूरा करने का वादा किया।

ग्रामीणों द्वारा आभार और सम्मान

सामग्री ने “पूरी तरह नाउम्मीद” ग्रामीणों में आशा जगाई। बुजुर्गों ने इसे “जीवन दान” बताया। एक ग्रामीण ने संत जी के अन्नपूर्णा मुहिम जैसे कार्यों की तारीफ की, उन्हें “पृथ्वी पर भगवान का अवतार” कहा। पंचायत ने संत जी को मोमेंटो और फोटो फ्रेम भेंट किया, जिसमें 21,000 फुट पाइप और दो 15 HP पंप सेट की सहायता का उल्लेख था।

मानव के सच्चे सहायक संत रामपाल जी महाराज 

चिंदड़ की कहानी संत रामपाल जी की मानवता के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उनकी दूरदर्शिता और व्यावहारिक समाधान ने गांव को स्थायी राहत दी। यह “अनमोल उपहार” पीढ़ियों तक लाभ देगा।

संत रामपाल जी के यूट्यूब वीडियो और सोशल मीडिया ने संकटग्रस्त समुदायों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनाया है। उनकी पारदर्शिता और जवाबदेही हर दान को सही जगह पहुंचाने का भरोसा देती है, जो मानवतावादी कार्यों के लिए वैश्विक मानक स्थापित करती है।

Latest articles

फेस 2: हरियाणा, हिसार, गांव मोहला में 30 वर्षों से व्याप्त जलभराव समस्या का संत रामपाल जी महाराज ने किया स्थाई समाधान

​हरियाणा राज्य के हिसार जिले (हांसी क्षेत्र) के अंतर्गत आने वाले गांव मोहला के...

“पैसे की कमी से कोई नहीं मरेगा”: किडनी मरीज की मदद से लेकर जल संकट निवारण तक, संत रामपाल जी बने उम्मीद की किरण

उजड़ते परिवारों को जीवनदान देने से लेकर प्यासे गांवों की पुकार सुनने तक, संत...

World Senior Citizens’ Day 2026: Why is it important to Serve Elderly People?

Last Updated on 15 August 2026 IST: World Senior Citizens' Day 2026 is a...

World Mosquito Day 2026: How the Mystery of Malaria was Solved by Sir Ronald Ross?

Last Updated on 15 August 2026 IST: World Mosquito Day 2026: Globally, people observe...
spot_img

More like this

फेस 2: हरियाणा, हिसार, गांव मोहला में 30 वर्षों से व्याप्त जलभराव समस्या का संत रामपाल जी महाराज ने किया स्थाई समाधान

​हरियाणा राज्य के हिसार जिले (हांसी क्षेत्र) के अंतर्गत आने वाले गांव मोहला के...

“पैसे की कमी से कोई नहीं मरेगा”: किडनी मरीज की मदद से लेकर जल संकट निवारण तक, संत रामपाल जी बने उम्मीद की किरण

उजड़ते परिवारों को जीवनदान देने से लेकर प्यासे गांवों की पुकार सुनने तक, संत...

World Senior Citizens’ Day 2026: Why is it important to Serve Elderly People?

Last Updated on 15 August 2026 IST: World Senior Citizens' Day 2026 is a...