संत रामपाल जी महाराज ने किसान मजदूर बचाओ अभियान फेज़ 2 के तहत रोहतक के बहू अकबरपुर में भेजी राहत सामग्री

Published on

spot_img

हरियाणा राज्य के जिला रोहतक स्थित तहसील रोहतक के अंतर्गत आने वाले गांव बहू अकबरपुर में लंबे समय से बरसात के मौसम में भारी जलभराव की विकट समस्या बनी हुई थी। गांव के तालाबों का पानी ओवरफ्लो होकर रास्तों और आवासीय क्षेत्रों में भर जाता था, जिससे सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो जाता था।

जलभराव के कारण गांव के मुख्य मार्गों, विशेष रूप से लाली रोड, मोखरा रोड तथा गोपालपुर रोड के मध्य स्थित विस्तृत क्षेत्र में पानी एकत्र हो जाता था। इस अव्यवस्था के चलते गांव की लगभग 400 से 500 एकड़ उपजाऊ कृषि भूमि जलमग्न हो जाती थी। हर वर्ष फसलें नष्ट होने के कारण किसानों को आर्थिक संकट और भुखमरी का सामना करना पड़ता था। 

स्थानीय स्तर तथा प्रशासनिक स्तर पर समस्या के समाधान के लिए किए गए पूर्व प्रयास और पाइपलाइन योजनाएं विभिन्न बाधाओं के कारण बीच में ही रुक गई थीं।

ग्राम पंचायत की अरदास और त्वरित सर्वे कार्रवाई

वर्षों पुरानी इस गंभीर समस्या से मुक्ति पाने के लिए गांव बहू अकबरपुर के सरपंच प्रतिनिधि, पंचायत सदस्यों तथा गांव के वरिष्ठ नागरिकों ने संत रामपाल जी महाराज के दरबार में पहुंचकर लिखित अरदास लगाई।

प्रार्थना प्रस्तुत किए जाने के बाद संत रामपाल जी महाराज ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। उनके आदेश मिलते ही उसी दिन सर्वे टीम गांव बहू अकबरपुर पहुंची। सर्वे टीम द्वारा निम्नलिखित आधुनिक तकनीकों का उपयोग कर क्षेत्र का गहन निरीक्षण किया गया:

  • ड्रोन तकनीक: प्रभावित जलमग्न क्षेत्रों, खेतों तथा आवासीय रास्तों का हवाई सर्वेक्षण।
  • गूगल मैप: गांव के प्राकृतिक ढलान, जल निकासी मार्गों तथा लाखमा ड्रेन की सटीक दूरी का भौगोलिक मानचित्रण।

ग्राम पंचायत द्वारा प्रारंभ में केवल पानी निकालने हेतु 13,000 फीट या 14,000 फीट पाइपलाइन की आवश्यकता का अनुमान लगाया गया था। हालांकि, सर्वे टीम के विस्तृत निरीक्षण में यह तथ्य सामने आया कि जिस नाले से पानी जोड़ा जाना था, वह स्वयं ओवरफ्लो हो जाता है। इसलिए जलभराव का स्थायी निवारण करने के लिए जल को सीधे मुख्य लाखमा ड्रेन तक पहुंचाना अनिवार्य था।

संत रामपाल जी महाराज के निर्देश पर तकनीकी टीम ने वास्तविक आवश्यकता का पुनर्मूल्यांकन किया और प्रारंभिक मांग को बढ़ाकर 17,500 फीट पाइपलाइन तथा 6 भारी वाटर पंपों का प्रस्ताव स्वीकृत किया।

राहत सामग्री का वितरण और तकनीकी उपकरण सूची

संत रामपाल जी महाराज ने किसान मजदूर बचाओ अभियान फेज़ 2 के माध्यम से स्वीकृत की गई पूरी राहत सामग्री त्वरित प्रभाव से गांव बहू अकबरपुर पहुंचा दी। सामग्री के हस्तांतरण के दौरान संत रामपाल जी महाराज की कमेटी के प्रतिनिधि, गांव के सरपंच प्रतिनिधि, पंचायत प्रतिनिधि तथा भारी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। गांव में गाड़ियों का काफिला पहुंचते ही ढोल-नगाड़ों और पुष्पवर्षा के साथ स्वागत किया गया और ग्रामीणों में लड्डू बांटे गए।

राहत सामग्री विवरण तालिका

सामग्री का नामस्वीकृत/वितरित मात्रातकनीकी विवरण/ब्रांड
पीवीसी पाइपलाइन17,500 फीट8 इंच मोटाई, उच्च गुणवत्ता पीवीसी
वाटर पंप (मोटर)6 सेट10 HP क्षमता (क्रॉम्पटन या किर्लोस्कर कंपनी)
पाइपलाइन एक्सेसरीजपूर्ण सेटएयर वाल्व, पीवीसी बैंड, फेविकोल, लोहे की प्लेट, जैन, क्लिप, नट-बोल्ट

संत रामपाल जी महाराज ने अन्नपूर्णा मुहिम, पशुधन बचाओ अभियान, शुद्ध पेयजल सेवा अभियान और किसान मजदूर बचाओ अभियान फेज़ 2 जैसी बहुआयामी जनसेवा पहलों के माध्यम से इस सहायता को पूर्णतः निःशुल्क उपलब्ध कराया।

पाइपलाइन बिछाने के निर्देश और आगामी प्रक्रिया

सेवादारों द्वारा राहत सामग्री सौंपते समय ग्राम पंचायत एवं ग्रामीणों को पाइपलाइन स्थापना हेतु निम्नलिखित महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए:

  • भूमिगत स्थापना: सभी 8 इंच की 17,500 फीट पाइपलाइनों को निर्धारित गहराई पर सही तरीके से भूमिगत (अंडरग्राउंड) बिछाया जाए।
  • लीकेज जांच: पाइपलाइन जोड़ते समय फेविकोल, पीवीसी बैंड और नट-बोल्ट का सही प्रयोग किया जाए और मिट्टी ढकने से पहले पानी छोड़कर जोड़ों की लीकेज की जांच की जाए।
  • एयर वाल्व की स्थापना: हवा का दबाव निकालने और पाइपों की दीर्घकालिक स्थायित्व के लिए दिए गए एयर वाल्व अनिवार्य रूप से स्थापित किए जाएं।
  • पुनः निरीक्षण एवं मोटर वितरण: पाइपलाइन भूमिगत होने के पश्चात् ग्राम पंचायत द्वारा सर्वे टीम को सूचित किया जाएगा। संत रामपाल जी महाराज के आदेशानुसार सर्वे टीम दोबारा आकर निष्पादित कार्य का निरीक्षण करेगी। निरीक्षण में कार्य सही पाए जाने पर 6 क्रॉम्पटन/किर्लोस्कर 10 HP वाटर पंप तुरंत ग्राम पंचायत को सौंप दिए जाएंगे।

इसके अतिरिक्त ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों ने गांव के एक-दो अत्यंत निर्धन परिवारों के जर्जर मकानों के पुनर्निर्माण हेतु भी संत रामपाल जी महाराज के समक्ष प्रार्थना रखी, जिस पर भी सहानुभूतिपूर्वक विचार का आश्वासन दिया गया।

बहू अकबरपुर में जलभराव का स्थायी समाधान और कृषि सुरक्षा

संत रामपाल जी महाराज ने किसान मजदूर बचाओ अभियान फेज़ 2 के तहत गांव बहू अकबरपुर को 17,500 फीट पाइपलाइन और 6 मोटर उपलब्ध कराकर 500 एकड़ कृषि भूमि को जलमग्न होने से बचा लिया है। 17,500 फीट लंबी पाइपलाइन के माध्यम से खेतों और ओवरफ्लो तालाबों का अतिरिक्त पानी सीधे मुख्य ड्रेन में प्रवाहित होगा, जिससे मानसून के दौरान फसलों के डूबने की समस्या का स्थायी अंत होगा। इस कार्य से किसान समय पर बिजाई कर सकेंगे और आर्थिक नुकसान से बचेंगे।

Latest articles

नूना माजरा जलभराव राहत: तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज जी ने झज्जर में फेज़ 2 के तहत स्थायी जल निकासी समाधान के लिए बढ़ाया...

हरियाणा के झज्जर जिले की बहादुरगढ़ तहसील स्थित नूना माजरा गांव वर्षों से बरसात...

गतौली गाँव का 40 साल पुराना दर्द 2 दिन में खत्म: संत रामपाल जी महाराज ने 4000 फुट पाइप भेजकर दिया किसानों को नया...

हरियाणा का किसान अपनी मेहनत और लहलहाती फसलों के लिए पूरे देश में जाना...

किसान मजदूर बचाओ अभियान चरण 3: गांव निंदाना के 21 किसानों को मिली मुफ्त खाद और दवाएं

भारत में बढ़ती कृषि लागत और घटती आय के कारण छोटे व सीमांत किसान...

मानवता की सेवा और सत्य भक्ति का केंद्र: संत रामपाल जी महाराज से मिलने उमड़ा जनसैलाब

देश-विदेश के विभिन्न राज्यों, जिलों और गाँवों से श्रद्धालुओं, जन-प्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और आम...
spot_img

More like this

नूना माजरा जलभराव राहत: तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज जी ने झज्जर में फेज़ 2 के तहत स्थायी जल निकासी समाधान के लिए बढ़ाया...

हरियाणा के झज्जर जिले की बहादुरगढ़ तहसील स्थित नूना माजरा गांव वर्षों से बरसात...

गतौली गाँव का 40 साल पुराना दर्द 2 दिन में खत्म: संत रामपाल जी महाराज ने 4000 फुट पाइप भेजकर दिया किसानों को नया...

हरियाणा का किसान अपनी मेहनत और लहलहाती फसलों के लिए पूरे देश में जाना...

किसान मजदूर बचाओ अभियान चरण 3: गांव निंदाना के 21 किसानों को मिली मुफ्त खाद और दवाएं

भारत में बढ़ती कृषि लागत और घटती आय के कारण छोटे व सीमांत किसान...