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1 मार्च से शुरू हुआ कोरोना वैक्सीन के टीका करण का दूसरा चरण: सतभक्ति है सभी बिमारियों की दवा

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Corona Vaccine Registration: कोरोना वैक्सीन के टीका करण का दूसरा चरण 1 मार्च से प्रारम्भ हो चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई नेताओं ने लगवाई भारत में बनी स्वदेशी भारत बायोटेक कंपनी की कोवैक्सीन। पाठकगण जाने सतभक्ति रूपी असली वैक्सीन के बारे में जिसे एकमात्र तत्वदर्शी सन्त रामपाल जी महाराज ने सर्व धर्मग्रंथों के आधार पर अवगत कराया है। बिना देर किए सतभक्ति वैक्सीन का यह डोज़ लें जिससे जन्म-मृत्यु  दुष्चक्र एवं अन्य सभी दुखों व बीमारियों से बचा जा सके।  

कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine Registration) के मुख्य बिंदु

  • कोरोना वैक्सीन का दूसरा चरण प्रारम्भ
  • भारत में निर्मित कोवैक्सीन पूरी तरह सुरक्षित
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व गृहमंत्री अमित शाह ने लगवाई कोरोना वैक्सीन
  • सुप्रीम कोर्ट के जजों व परिवारजनों को भी लगेगा टीका
  • सक्षम नागरिकों से पैसे देकर वैक्सीन लगवाने की अपील
  • निजी अस्पतालों में ढाई सौ रुपये में कोरोना वैक्सीन की एक खुराक ली जा सकेगी
  • सभी बीमारियों की एक वैक्सीन है सतभक्ति

कोरोना वैक्सीन: 1 मार्च से शुरू हुआ टीका करण का दूसरा चरण

1 मार्च से टीका करण का दूसरा चरण शुरू हो चुका है यानी सभी स्वास्थ्य कर्मियों का टीका करण होने के पश्चात  60 वर्ष से अधिक आयु के सभी लोगों एवं 20 गंभीर बीमारियों  जैसे ह्रदय, कोरोनरी धमनी रोग, स्ट्रोक, 10+ वर्ष से अधिक समय से मधुमेह, उच्च रक्तचाप, गुर्दे की बीमारी आदि के 45 से 59 वर्ष की उम्र के बीमारों को निर्धारित शुल्क पर टीका करण कराया जाएगा। 

Corona Vaccine Registration: कई गणमान्यों लोगों ने लगवाई वैक्सीन 

इस नीति के मुताबिक प्रधानमंत्री मोदी 60+ श्रेणी में आते हैं जिन्होंने वैक्सीन लगवाकर भारत में बनी कोवैक्सीन को बढ़ावा दिया है। प्रधानमंत्री मोदी एवं गृहमंत्री अमित शाह के अतिरिक्त राजस्थान के राज्यपाल कलराज मिश्रा, केंद्रीय मंत्री डॉक्टर जितेंद्र सिंह, पूर्व केंद्रीय मंत्री शरद पवार एवं बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी कोरोना वैक्सीन लगवा ली है।

कितनी सुरक्षित है कोवैक्सीन?

दूसरे चरण में पहुंच चुके कोरोना टीका करण अभियान में भारत में बनी स्वदेशी वैक्सीन कोवैक्सीन को पूरी तरह सुरक्षित पाया गया। इस वैक्सीन को भारत के कई दिग्गज नेताओं ने लगवाया है इसलिए अब किसी को भ्रांतियों में पड़ने की आवश्यकता नहीं है। कई विशेषज्ञ कोवैक्सीन पर प्रश्न उठाकर कोविशील्ड को ही मान्यता दे रहे थे।  

कोविन अथवा आरोग्यसेतु एप्प पर रजिस्ट्रेशन कैसे कराएं? 

Corona Vaccine Registration: सरकारी अस्पतालों में कोविड-19 टीका मुफ्त दिया जायेगा, जबकि निजी अस्पतालों में इसके लिए अधिकतम शुल्क 250 रुपये देना होगा जिसमें 150 रुपये टीके की कीमत और 100 रुपये सेवा शुल्क है। केंद्र सरकार की वेबसाइट के अनुसार सोमवार सुबह तक 1,43,01,266 लोगों को वैक्सीन दी जा चुकी है। वैक्सीन लगवाने के लिए आरोग्यसेतु एप्प पर या कोविन के पोर्टल पर रजिस्टर कराया जा सकता है। 

यह भी पढ़ें: फाइजर कोरोनावायरस वैक्सीन (Pfizer Corona Vaccine News): सतभक्ति से उत्तम कोई वैक्सीन नहीं

Corona Vaccine Registration: सक्षम नागरिक शुल्क अदा करें – स्वास्थ्य मंत्री

स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने प्रधानमंत्री नरेंद मोदी के टीकाकरण पर कहा कि वे हमेशा ही आदर्श प्रस्तुत करते हैं उन्होंने वैक्सीन लगवाकर उन तमाम सवालों, भ्रांतियों को जवाब दिया है जो अब तक कोरोना वैक्सीन को लेकर फैली हुई थीं। स्वास्थ्य मंत्री का कहना है कि जो भी सक्षम हैं उन्हें निश्चित रूप से पैसे देकर ही कोरोना वैक्सीन लगवानी चाहिए चाहे वे सांसद हों, नेता हों या आम नागरिक।

सौ बीमारियों की एक दवा – सतभक्ति वैक्सीन

कहा जा रहा है कि कोरोना वैक्सीन लगवाकर भी लापरवाही बरतने से कोरोना फिर से हो सकता है। अन्य हर बीमारी से बचने की वैक्सीन भी नहीं बनी है। वास्तव में इस कालब्रह्म (ब्रह्मा, विष्णु, महेश के पिता) के लोक में जरा मरण और 84 लाख योनियों में भटकाव निरन्तर चलता रहता है जबतक सही सतभक्ति रूपी वैक्सीन देने वाला तत्वदर्शी सन्त नहीं मिलता। एड्स, कैंसर और न जाने कितनी ही बीमारियाँ ऐसी हैं जो मानव को अत्यंत दुखी करती हैं। इन सभी दुखों तकलीफों से छुटकारा केवल तत्व ज्ञान दिला सकता है। तत्व ज्ञान केवल तत्वदर्शी सन्त ही दे सकता है वही वास्तविक सतभक्ति के मन्त्र बताता है जिनसे ये रोग समाप्त हो जाते हैं।

शास्त्रविरुद्ध साधना रूपी नकली वैक्सीन से सावधान

नकली वैक्सीन अर्थात शास्त्रविरुद्ध साधना जिसे गीता अध्याय 16 के श्लोक 23 में वर्जित किया है। लेकिन असली वैक्सीन के लिए गीता के अध्याय 4 के श्लोक 34 में तत्वदर्शी सन्त की शरण में जाने के लिए कहा है। केवल पूर्ण तत्वदर्शी सन्त ही सही भक्तिविधि बताएगा जिनसे दुखों का नाश सम्भव है अन्यथा कई नकली धर्मगुरु समाज को भ्रमित करके ठगने और शास्त्र विरुद्ध साधना करवाने में स्वयं को सर्वेसर्वा बताते हैं। पूर्ण तत्वदर्शी तर्कसंगत शास्त्रों में वर्णित विधि के अनुसार भक्ति बताता है एवं शास्त्रों के गूढ़ रहस्य बताता है। अधिक जानकारी के लिए देखें सतलोक आश्रम यूट्यूब चैनल

तत्वदर्शी सन्त रामपाल जी महाराज से लें सतभक्ति वैक्सीन 

सतगुरु गीता अध्याय 17 के श्लोक 23 में दिए सांकेतिक मन्त्रों के आधार पर सत मन्त्र बताता है। वर्तमान में पूरे विश्व मे एकमात्र तत्वदर्शी सन्त रामपाल जी महाराज हैं जिन्होंने सर्व धर्मों के धर्मग्रंथों को खोलकर सही तत्वज्ञान से अवगत कराया है। बिना देर किए सत्यभक्ति वैक्सीन का यह डोज़ लें जिससे जन्म-मृत्यु  एवं अन्य सभी दुखों व बीमारियों से बचा जा सके।

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  1. भक्ति की शक्ति से सारे दुखों का नाश हो सकता है। पूर्ण परमात्मा की शरण ग्रहण करके कोरोना जैसे रोग को हरा जा सकता है।

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