January 29, 2026

‘महाभारत’ के कर्ण पंकज धीर का 68 की आयु में निधन, कैंसर से हारी जिंदगी की जंग; मनोरंजन जगत में शोक की लहर

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टीवी और फिल्म जगत के मशहूर अभिनेता पंकज धीर, जिन्होंने बी.आर. चोपड़ा की ‘महाभारत’ में कर्ण का ऐतिहासिक किरदार निभाकर दर्शकों के दिलों में जगह बनाई थी, अब हमारे बीच नहीं रहे। 68 वर्ष की आयु में उन्होंने कैंसर से लंबी लड़ाई के बाद बुधवार, 15 अक्टूबर 2025 को अंतिम सांस ली। उनके निधन की पुष्टि CINTAA (Cine & TV Artistes’ Association) और उनके करीबी मित्र अशोक पंडित ने की। उनका अंतिम संस्कार आज मुंबई के पवन हंस श्मशान घाट, vile parle (W) में शाम 4:30 बजे किया जाएगा।

मुख्य बिंदु: पंकज धीर के निधन से जुड़ी प्रमुख जानकारियां

  • उम्र: 68 वर्ष
  • मृत्यु तिथि: 15 अक्टूबर 2025
  • कारण: कैंसर से लंबी लड़ाई के बाद निधन
  • प्रमुख भूमिकाएं: ‘महाभारत’ में कर्ण, ‘चंद्रकांता’ में राजा शिवदत्त
  • परिवार: पत्नी अनीता धीर, पुत्र अभिनेता निकितिन धीर, पुत्रवधू अभिनेत्री क्रतिका सेंगर
  • अंतिम संस्कार: पवन हंस श्मशान घाट, मुंबई
  • करियर: टीवी और फिल्मों में 3 दशकों से अधिक सक्रियता

पंकज धीर का यादगार सफर :  कर्ण से लेकर शिवदत्त तक

पंकज धीर का करियर भारतीय टेलीविजन के स्वर्ण युग से जुड़ा हुआ है। 1988 में प्रसारित बी.आर. चोपड़ा की ‘महाभारत’ में उन्होंने कर्ण की भूमिका निभाई थी, जो भारतीय टीवी इतिहास के पहले “एंटी-हीरो” किरदारों में से एक माना जाता है।

कर्ण के रूप में उन्होंने एक ऐसे योद्धा का चित्रण किया जो समाजिक भेदभाव से जूझते हुए अपनी पहचान की तलाश में था। इस किरदार ने उन्हें घर-घर में प्रसिद्ध बना दिया।

1994 में उन्होंने ‘चंद्रकांता’ में राजा शिवदत्त का किरदार निभाया, जो उतना ही जटिल और प्रभावशाली था। वह एक “विषपुरुष” थे , जिनका स्पर्श, चुंबन या खरोंच तक जानलेवा हो सकता था। इन भूमिकाओं ने उन्हें टीवी के सबसे बहुमुखी अभिनेताओं की श्रेणी में स्थापित किया।

फिल्मों में भी दर्ज की अपनी खास पहचान

टीवी के अलावा पंकज धीर ने हिंदी फिल्मों में भी शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने ‘सोल्जर’, ‘अंदाज़’, ‘बादशाह’ और ‘तुमको ना भूल पाएंगे’ जैसी फिल्मों में अहम भूमिकाएँ निभाईं।

उनकी एक्टिंग में गंभीरता, संवाद अदायगी और स्क्रीन प्रेज़ेंस ने दर्शकों को हमेशा प्रभावित किया।

परिवार से फिल्मी जुड़ाव;  पिता से लेकर बेटे तक

पंकज धीर का संबंध एक फिल्मी परिवार से रहा है। उनके पिता सी.एल. धीर एक जाने-माने फिल्म निर्देशक थे, जिन्होंने ‘बहू बेटी’ और ‘ज़िंदगी’ जैसी फिल्मों का निर्देशन किया था।

उनके बेटे निकितिन धीर बॉलीवुड के लोकप्रिय चेहरों में से एक हैं और ‘चेन्नई एक्सप्रेस’, ‘जोधा अकबर’ और ‘सूर्यवंशी’ जैसी फिल्मों में नजर आ चुके हैं।

उनकी पुत्रवधू क्रतिका सेंगर, टीवी सीरियल ‘झांसी की रानी’ में अपने दमदार अभिनय के लिए जानी जाती हैं।

एक्टर से विजनरी तक : पंकज धीर के अन्य योगदान

अभिनय के अलावा पंकज धीर ने इंडस्ट्री को आगे बढ़ाने के लिए कई कदम उठाए। उन्होंने अपने भाई सतलुज धीर के साथ मिलकर मुंबई में ‘विज़ाज स्टूडियोज़’ (Visage Studioz) की स्थापना की, जो शूटिंग के लिए एक प्रसिद्ध लोकेशन बन चुका है।

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2010 में उन्होंने उभरते कलाकारों के लिए ‘अभिन्नय एक्टिंग अकादमी’ (Abbhinnay Acting Academy) की शुरुआत की, जहां नए अभिनेताओं को प्रशिक्षित किया जाता है।

कठिन शूटिंग अनुभवों से जुड़ी यादें

2016 में एक इंटरव्यू में पंकज धीर ने बताया था कि ‘महाभारत’ की शूटिंग के दौरान सुविधाएं बहुत सीमित थीं : 

“हमारे पास न तो वैनिटी वैन थी और न ही मेकअप रूम। हम टेंट में रहते थे। एक ही टॉयलेट को 40 लोग इस्तेमाल करते थे।”

उन्होंने यह भी साझा किया था कि एक बार युद्ध के दृश्य के दौरान उनका रथ टूट गया और उन्हें कूदना पड़ा, वरना जान चली जाती। एक और सीन में उनके आंख के पास तीर लग गया था, जिसके बाद सर्जरी करवानी पड़ी।

मनोरंजन जगत में शोक की लहर

CINTAA ने अपने आधिकारिक बयान में कहा : 

 “गहरे दुख और संवेदना के साथ हम अपने पूर्व चेयरमैन और पूर्व महासचिव श्री पंकज धीर जी के निधन की सूचना दे रहे हैं।”

फैंस और सेलेब्रिटीज़ सोशल मीडिया पर उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं। उनके बेटे निकितिन धीर के इंस्टाग्राम अकाउंट पर भी फैन्स लगातार शोक संदेश लिख रहे हैं।

पंकज धीर : वो कलाकार जो हर दिल में अमर रहेगा 

पंकज धीर सिर्फ एक अभिनेता नहीं थे, बल्कि अभिनय की एक संस्था थे। उन्होंने अपने हर किरदार को जीवन दिया और हर भूमिका में गहराई दिखाई। चाहे कर्ण की पीड़ा हो या शिवदत्त का विष, उन्होंने हर रूप में दर्शकों को भावनात्मक रूप से जोड़ा।

उनका जाना भारतीय टेलीविजन के एक युग का अंत है। लेकिन उनके किरदार, उनके संवाद और उनका योगदान हमेशा याद किया जाएगा  क्योंकि पंकज धीर जैसे कलाकार कभी नहीं मरते, वे अमर हो जाते हैं।

तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज से प्राप्त पूर्ण परमात्मा का अद्वितीय ज्ञान

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FAQs on Pankaj Dheer Death News

1. पंकज धीर का निधन कब हुआ?

पंकज धीर का निधन 15 अक्टूबर 2025 को हुआ। वे 68 वर्ष के थे और लंबे समय से कैंसर से जूझ रहे थे।

2. पंकज धीर किस बीमारी से पीड़ित थे?

पंकज धीर कैंसर से पीड़ित थे और पिछले कुछ महीनों से अस्पताल में भर्ती होकर इलाज करा रहे थे।

3. पंकज धीर का अंतिम संस्कार कहाँ होगा?

उनका अंतिम संस्कार मुंबई के पवन हंस श्मशान घाट, विले पार्ले (पश्चिम) में शाम 4:30 बजे किया जाएगा।

4. पंकज धीर के परिवार में कौन-कौन हैं?

उनकी पत्नी अनीता धीर, बेटे अभिनेता निकितिन धीर और बहू अभिनेत्री क्रतिका सेंगर हैं।

5. पंकज धीर किन किरदारों के लिए प्रसिद्ध थे?

वे ‘महाभारत’ के कर्ण और ‘चंद्रकांता’ के राजा शिवदत्त के किरदारों के लिए जाने जाते थे।

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