क्या राजनीति और क्या समाज सेवा, संत रामपाल जी महाराज के शास्त्र-प्रमाणित तत्वज्ञान और कबीर साहिब की सच्ची भक्ति के संदेश का प्रभाव अब देश के कोने-कोने में फैल रहा है। इसी कड़ी में बिहार सरकार में राज्य नागरिक परिषद के सदस्य (राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त) एवं वरिष्ठ नेता बच्चा यादव अपने परिवार सहित सतलोक आश्रम पहुंचे और संत रामपाल जी महाराज के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया।
बिहार के पूर्व राज्य मंत्री बच्चा यादव ने किए संत रामपाल जी महाराज के दर्शन
बिहार से आए वरिष्ठ नेता बच्चा यादव (जो वर्तमान में राज्य नागरिक परिषद के सदस्य हैं और जिन्हें राज्य मंत्री का दर्जा प्राप्त है) अपनी पुत्रवधू व परिवार के अन्य सदस्यों के साथ सतलोक आश्रम पहुंचे। जन्म से कबीर पंथी विचारधारा से जुड़े बच्चा यादव जी ने बताया कि वे टेलीविजन के माध्यम से संत रामपाल जी महाराज के सत्संग और उनके द्वारा चलाए जा रहे विशाल जन-कल्याणकारी कार्यों को नियमित रूप से देखते आ रहे हैं।
उन्होंने संत जी के अध्यात्म ज्ञान की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि संत जी द्वारा दिया जाने वाला कबीर साहिब का ज्ञान सीधे दिल को छूता है। आश्रम में अत्यंत आत्मीय माहौल के बीच उन्होंने संत रामपाल जी महाराज के चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया और समाज सेवा के पथ पर निरंतर आगे बढ़ने की इच्छा व्यक्त की।
बिहार आगमन का दिया न्योता, राज्य के कल्याण और मोक्ष के लिए ली नाम दीक्षा
मुलाकात के दौरान बच्चा यादव जी ने समस्त बिहारवासियों की तरफ से संत रामपाल जी महाराज का धन्यवाद किया और उनसे बिहार में चरण कमल रखने का विशेष आग्रह किया, ताकि वहां की जनता को भी इस अमर ज्ञान का लाभ मिल सके। उन्होंने प्रार्थना की कि संत जी का आशीर्वाद उन पर और पूरे बिहार प्रदेश तथा देश पर बना रहे, जिससे राज्य व देश का कल्याण हो सके।
बातचीत के दौरान संत रामपाल जी महाराज ने कबीर साहिब की वाणी और शास्त्र-अनुकूल भक्ति का महत्व बताते हुए कहा कि मानव जीवन का मुख्य ध्येय मोक्ष प्राप्त करना है। संत जी ने समझाते हुए कहा:
“भक्ति बिना कहीं ठिकाना नहीं है। कल मौत हो जाए तो पता नहीं किस लोक में स्थान मिलेगा, इसलिए समय रहते सत्यनाम की दीक्षा लेकर अपना मोक्ष मार्ग प्रशस्त करना चाहिए।”
संत जी के वचनों से प्रेरित होकर परिवार के सदस्यों ने नाम दीक्षा (सत्यभक्ति का मंत्र) ग्रहण की। संत रामपाल जी महाराज ने भी उन्हें सहर्ष आशीर्वाद देते हुए कबीर साहिब के मार्ग पर चलने और समाज कल्याण में तत्पर रहने की प्रेरणा दी।
सत्यभक्ति और कबीर साहिब का संदेश
संत रामपाल जी महाराज का मिशन मात्र उपदेशों तक सीमित नहीं है, यह कबीर साहिब की सर्वमान्य वाणी और शास्त्र-सम्मत भक्ति का जीवंत स्वरूप है।
बिहार जैसे ऐतिहासिक राज्य से जनप्रतिनिधियों और कबीरपंथी श्रद्धालुओं का सतलोक आश्रम पहुंचकर संत जी के विचारों को अपनाना इस बात का प्रमाण है कि संत रामपाल जी महाराज द्वारा फैलाया जा रहा सत्यभक्ति का यह संदेश आज देश के हर कोने में जन-जन का मार्गदर्शन कर रहा है।



