Parle-G Company History [Hindi]: पारले जी बिस्कुट निर्माता कंपनी ने तोड़ा अपना पिछले 80 साल‌ का बिक्री रिकॉर्ड

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Last Updated on 2 October 2021, 4:02 PM IST: Parle-G Company History Hindi: Parle-G भारत में Parle Products द्वारा निर्मित बिस्कुट का एक ब्रांड है। कोरोनावायरस महामारी के कारण हुए देशव्यापी लाकडाऊन में पारले जी बिस्कुट ने रेडी टू इट जैसी खाद्य सामग्री मुहैया कराने में सफलता प्राप्त की। गरीब और मिडल क्लास परिवारों में दिन का आगाज़ सुबह की एक कप गर्म चाय और करारे पारले जी के बिस्कुटों के साथ होती है।

लाकडाऊन के दौरान स्कूल, कालेज, आफिस दुकानें , रेस्तरां, ढाबे ,होटल,फूड जाइंट, रेहड़ी पर बिकने वाले चटपटी खाने की चीजें सभी बंद थी। प्रवासी मज़दूर घरों को लौट रहे थे। घर पर रहने वाले समय- असमय बिस्कुट खाकर असमय उठने वाली भूख को‌ शांत करते थे तो दूसरी ओर सरकारी व गैर सरकारी संगठनों द्वारा आश्रय केंद्रों और घर लौट रहे प्रवासियों को पारले जी बिस्कुट व अन्य खाद्य सामग्री देकर मदद की जा रही थी।

पारले जी बिस्कुट देकर की गई मदद

  • लाकडाऊन के दौरान पारले जी सरकारी एजेंसियों और गैर-सरकारी संगठनों द्वारा भारी मात्रा में खरीदा गया ताकि ज़रूरतमंद लोगों को खाद्य राहत पैकेज वितरित करने के लिए पहुंचाया जा सके।
  • कई संगठन पारले जी बिस्कुट वितरित करके लोगों की मदद कर रहे थे।
  • पारले जी ग्लूकोज पूर्ति का भी एक अच्छा स्रोत माना जाता है।
  • खाद्य कंपनी पारले प्रोडक्ट्स ने अप्रैल और मई में अपने पारले-जी बिस्कुट की रिकॉर्ड बिक्री की।
  • लोगों द्वारा महामारी के दौरान पेंट्री स्टॉक करने के कारण पारले-जी बिस्कुट कंपनी को अत्यधिक प्रतिस्पर्धी बिस्किट सेगमेंट में लगभग 5 प्रतिशत की बाज़ार हिस्सेदारी प्राप्त हुई है।
  • पारले-जी ज़्यादातर भारतीयों के लिए एक आरामदायक भोजन है, इसे “अनिश्चितता के समय बहुत अधिक सेवन किया गया है।”
  • कंपनी ने पार्ले-जी बिस्कुट के तीन करोड़ पैकट दान करने की भी घोषणा की थी जब भारत में कोरोनावायरस महामारी तेज हो गई थी।

Parle G Company News: पार्ले-जी ने की रिकॉर्ड बिक्री कोरोनोवायरस लॉकडाउन के दौरान

पारले जी के प्रोडक्टस, कैटेगरी हैड मंयक शाह ने मीडिया से कहा कि खाद्य कंपनी पारले प्रोडक्ट्स ने अपने पार्ले-जी बिस्कुट की रिकॉर्ड बिक्री की, जो बड़े पैमाने पर खपत के लिए अप्रैल और मई में बंद था। “वृद्धि अभूतपूर्व थी और इसके परिणामस्वरूप पारले जी लॉकडाउन के दौरान अपनी बाज़ार हिस्सेदारी को 4.5 से 5 प्रतिशत तक बढ़ाने में सक्षम था। उन्होंने कहा कि सुनामी और भूकंप जैसे संकट के समय भी पारले-जी बिस्कुट की बिक्री बढ़ गई थी।

पारले जी है भरोसेमंद ब्रांड

पारले जी लोगों के लिए भरोसेमंद ब्रांड, वैल्यू, स्वाद, गुणवत्ता में खरा ,सस्ता और पैकेजिंग की दृष्टि से भी बेहतरीन है, इसकी शेल्फ लाइफ भी अधिक है। पारले-जी बिस्किट द्वारा मदद करने के लिए पारले प्रोडक्ट्स को अत्यधिक प्रतिस्पर्धी बिस्किट खंड में लगभग 5% की बाजार हिस्सेदारी प्राप्त हुई।

शाह के अनुसार, “यह (समय) उच्चतम में से एक है। कम से कम पिछले 30 से 40 वर्षों में, हमने इस तरह की वृद्धि नहीं देखी है, ”श्री शाह ने कहा ऐसा रिकार्ड तोड़ बिजनेस मैंने अपने 20 वर्षों के करियर में पहली बार देखा है।

पारले जी कंपनी का इतिहास-Parle-G Company History

Parle-G Company History Hindi: पारले प्रोडक्ट्स ने 1939 में बिस्कुट का निर्माण शुरू किया। 1947 में, जब भारत स्वतंत्र हुआ तो कंपनी ने एक विज्ञापन अभियान चलाया, जिसमें अपने ग्लूकोज ब्रांड के बिस्कुट को ब्रिटिश-ब्रांड वाले बिस्कुट के भारतीय विकल्प के रूप में प्रदर्शित किया गया। पारले-जी बिस्कुट को पहले 1980 के दशक तक ‘पार्ले ग्लूको’ बिस्कुट कहा जाता था।

  • मालिक: मोहनलाल दयाल चौहान
  • टैगलाइन: टेस्टी हेल्दी फूड: दुनिया का सबसे ज़्यादा बिकने वाला बिस्किट

पारले दुनिया में बिकने वाला सस्ता बिस्कुट उत्पाद है ताकि सभी तबके के लोग इसे खरीद सकें। 2011 के नीलसन सर्वेक्षण ने इसे दुनिया में बिस्कुट के सबसे अधिक बिकने वाले ब्रांड के रूप में रिपोर्ट किया।

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