पद्म पुरस्कार 2026 (Padma Awards 2026) ने भारत के शिक्षाविदों, वैज्ञानिकों और अकादमिक नेतृत्व को राष्ट्रीय सम्मान के केंद्र में रखा है। गणतंत्र दिवस से पहले घोषित 131 सम्मानों में साहित्य और शिक्षा, विज्ञान और इंजीनियरिंग, चिकित्सा, सार्वजनिक जीवन, सामाजिक सेवा, खेल, व्यापार व उद्योग, सिविल सेवा और अन्य क्षेत्रों के योगदान को शामिल किया गया है। पूर्व विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) अध्यक्ष ममिडाला जगदीश कुमार से लेकर आईआईटी मद्रास के निदेशक वीझिनाथन कामकोटी तक, यह सूची देश भर के विश्वविद्यालयों, कक्षाओं और प्रयोगशालाओं को आकार देने वाले ज्ञान, शोध और संस्थान निर्माण की भूमिका को रेखांकित करती है।
प्रमुख बिंदु: पद्म पुरस्कार 2026
- गणतंत्र दिवस से पहले 131 पुरस्कारों की घोषणा
- पांच पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री शामिल
- शिक्षा और अनुसंधान विभिन्न श्रेणियों में प्रमुख
- ममिडाला जगदीश कुमार और वीझिनाथन कामकोटी सम्मानित शिक्षाविदों में शामिल
- सरकार ने प्रत्येक पद्म श्रेणी के मानदंडों का विवरण दिया
- साहित्य और विज्ञान से लेकर चिकित्सा, सार्वजनिक जीवन, सामाजिक सेवा और खेल तक के क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व
Padma Awards 2026: शिक्षा और अनुसंधान पर विशेष जोर
पद्म पुरस्कार 2026 (Padma Awards 2026) ने एक बार फिर भारत के शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं और अकादमिक नेताओं को राष्ट्रीय फलक पर ला दिया। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर घोषित इन सम्मानों ने विश्वविद्यालयों, कक्षाओं और प्रयोगशालाओं को दिशा देने वाले बौद्धिक श्रम को मान्यता दी।
पूर्व यूजीसी अध्यक्ष ममिडाला जगदीश कुमार से लेकर आईआईटी मद्रास के निदेशक वीझिनाथन कामकोटी तक, सूची में उच्च शिक्षा, अनुसंधान और वैज्ञानिक नवाचार को राष्ट्र निर्माण का केंद्रीय आधार मानने पर सरकार के जोर को दर्शाया गया है। साहित्य, विज्ञान और सार्वजनिक सेवा के साथ-साथ शिक्षा को प्रमुखता दिए जाने से यह संदेश भी मजबूत हुआ कि ज्ञान भारत की सबसे बड़ी सार्वजनिक पूंजी में से एक है।
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सरकार ने बयान में कहा कि पद्म विभूषण असाधारण और विशिष्ट सेवा के लिए, पद्म भूषण उच्च स्तर की विशिष्ट सेवा के लिए और पद्म श्री किसी भी क्षेत्र में विशिष्ट सेवा के लिए प्रदान किया जाता है।
श्रेणियां और कुल पुरस्कार
गणतंत्र दिवस से पहले रविवार को भारत सरकार ने 131 पद्म पुरस्कारों की घोषणा की। इनमें शामिल हैं:-
- पद्म विभूषण (Padma Vibhushan) : 5
- पद्म भूषण(Padma Bhushan) : 13
- पद्म श्री (Padma Shri) : 113
पद्म विभूषण भारत रत्न के बाद देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है, इसके बाद पद्म भूषण और पद्म श्री आते हैं।
सरकारी बयान के अनुसार, निम्न क्षेत्रों में सम्मान दिए गए:-
कला, सामाजिक सेवा, सार्वजनिक जीवन, विज्ञान और इंजीनियरिंग, व्यापार और उद्योग, चिकित्सा, साहित्य और शिक्षा, खेल, सिविल सेवा और अन्य निर्दिष्ट क्षेत्र।
पद्म विभूषण प्राप्तकर्ता
इस सूची में शामिल हैं:-
| नाम | क्षेत्र | राज्य |
| श्री धर्मेंद्र सिंह देओल (मरणोपरांत) | कला | महाराष्ट्र |
| श्री के. टी. थॉमस | सार्वजनिक जीवन | केरल |
| सुश्री एन. राजम | कला | उत्तर प्रदेश |
| श्री पी. नारायणन | साहित्य और शिक्षा | केरल |
| श्री वी. एस. अच्युतानंदन (मरणोपरांत) | सार्वजनिक जीवन | केरल |
पद्म भूषण सम्मानित
कला, चिकित्सा, सार्वजनिक जीवन, सामाजिक सेवा, व्यापार व उद्योग और खेल से जुड़े प्रमुख नाम:-
अलका याज्ञिक, भगत सिंह कोश्यारी, कल्लिपट्टी रामासामी पलानीस्वामी, मम्मूटी, डॉ. नोरी दत्तात्रेयुडु, पियूष पांडेय (मरणोपरांत), एस. के. एम. माइलंधन, शतावधानी आर. गणेश, शिबू सोरेन (मरणोपरांत), उदय कोटक, वी. के. मल्होत्रा (मरणोपरांत), वेल्लापल्ली नटेशन और विजय अमृतराज।
पद्म श्री: साहित्य, शिक्षा, विज्ञान और सामाजिक सेवा
पद्म श्री (Padma Shri) सूची में 113 नाम शामिल हैं। साहित्य और शिक्षा से जुड़े सम्मानित लोगों में अशोक कुमार हलदार, चरण हेम्ब्रम, गंबीर सिंह योनजोन, कैलाश चंद्र पंत, ल्यूडमिला विक्टरोव्ना खोखलोवा, महेंद्र कुमार मिश्रा, महेंद्र नाथ राय, ममिडाला जगदीश कुमार, मंगला कपूर, नरेश चंद्र देव वर्मा, प्रभाकर बसवप्रभु कोरे, रबी लाल टुडू, रतीलाल बोरीसागर, प्रो. शफी शौक, शशि शेखर वेम्पति, सिवसंकारी और वेम्पटी कुटुम्ब शास्त्री शामिल हैं।
विज्ञान और इंजीनियरिंग क्षेत्र में ए. ई. मुथुनयागम, अशोक कुमार सिंह, चंद्रमौली गड्डमनुगु, गोपाल जी त्रिवेदी, जुज़र वासी, के. रामासामी, कृष्णमूर्ति बालसुब्रमण्यम, कुमारस्वामी थंगराज, प्रेम लाल गौतम, शुभा वेंकटेश अयंगर और वीझिनाथन कामकोटी को सम्मानित किया गया।
कामकोटी ने कहा कि यह पुरस्कार 2047 तक विकसित भारत के दृष्टिकोण के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है और उन्होंने अपनी उपलब्धियों का श्रेय सामूहिक प्रयास को दिया।
शिक्षा और अनुसंधान के लिए संदेश
पद्म पुरस्कार 2026 की सूची यह स्पष्ट संकेत देती है कि शिक्षा और अनुसंधान राष्ट्रीय प्रगति के केंद्र में हैं। विश्वविद्यालय प्रमुखों, भाषा विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों और संस्थान निर्माताओं को सम्मानित कर यह सूची उस अकादमिक कार्य के दीर्घकालिक महत्व को रेखांकित करती है, जो अक्सर सार्वजनिक ध्यान से दूर रहकर विकसित होता है।
वैश्विक अकादमिक प्रासंगिकता और नवाचार आधारित विकास की दिशा में आगे बढ़ते भारत के लिए ये सम्मान उन व्यक्तियों को सामने लाते हैं, जिन्होंने शांत, निरंतर और स्थायी प्रभाव के साथ आधार तैयार किया।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs on Padma Awards 2026)
उत्तर: गणतंत्र दिवस से पहले कुल 131 पुरस्कार घोषित किए गए।
उत्तर: पांच पद्म विभूषण, 13 पद्म भूषण और 113 पद्म श्री।
उत्तर: ममिडाला जगदीश कुमार और वीझिनाथन कामकोटी प्रमुख नामों में शामिल हैं।
उत्तर: बयान में पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री श्रेणियों के मानदंड स्पष्ट किए गए।
उत्तर: इनकी घोषणा गणतंत्र दिवस से पहले की गई।



