संत रामपाल जी महाराज के अनुयायी द्वारा पेश की गयी एक और ईमानदारी की मिसाल

Published on

spot_img

आज के समय में जब मनुष्य अपने जीवन का मूल उदेश्य भूल कर माया की दौड़ में भागता दिख रहा है, इसी बीच संत रामपाल जी महाराज के अनुयायियों द्वारा ईमानदारी की एक घटना सामने आई है जो कि देखते ही बनती है। घटना हरदोई जिले के सेमरा चौराहा के नागरिक शिवम दास पुत्र हरिशंकर रस्तोगी (जो कि संत रामपाल जी महाराज के अनुयायी है) व आशीष त्रिपाठी पुत्र अविनाश चंद्र त्रिपाठी से संबंधित है।

घटना कुछ इस प्रकार है कि दैनिक कार्य के वक़्त आशीष त्रिपाठी का बटुआ कही गिरने की वजह से खो गया था जो कि शिवम दास को प्राप्त हुआ। बटुआ प्राप्त होते ही शिवम दास उसके मालिक की खोज में लग गए। काफी छानबीन करने के उपरांत घर का पता चलने के बाद शिवम दास उनके साथी सुशील दास के संग आशीष के घर पर उनके पिता जी को बटुआ तथा उसमे रखा आधार कार्ड, पेन कार्ड, एटीम व 6000 नगद रुपये उनको सुरक्षित पहुँचा कर आए। जिनके बाद उन्होंने संत रामपाल जी महाराज का धन्यवाद करके संत जी द्वारा लिखित पुस्तक “जीने की राह” को नि:शुल्क प्राप्त किया।

पूछने पर शिवम दास व सुशील दास ने अपने गुरुजी संत रामपाल जी द्वारा दिए गए तत्वज्ञान को इस ईमानदारी का श्रेय दिया एवं उनको मनुष्य जीवन के मूल उदेश्य को जानने के लिए उनको संत रामपाल जी महाराज द्वारा लिखित एक पुस्तक जीने की राह भी दी गई। बदले में उन्होंने संत रामपाल जी महाराज का धन्यवाद किया व पुस्तक सहर्ष स्वीकार की। पूर्ण परमात्मा कबीर साहेब ने अपने सूक्ष्म वेद में कहा है :-

कबीर, और ज्ञान सब ज्ञानड़ी, कबीर ज्ञान सो ज्ञान।
जैसे गोला तोब का, करता चले मैदान।।

बता दे कि मनुष्य जीवन का मूल उदेश्य तत्वज्ञान की प्राप्ति के उपरांत सतभक्ति करके पूर्ण परमात्मा कबीर साहेब की प्राप्ति करना है। तत्वज्ञान की प्राप्ति उपरांत मनुष्य अपने जीवन को सफल बनाने की और पहला कदम रखता है। आज के समय में केवल संत रामपाल जी महाराज ही एक मात्र ऐसे संत है जो कि अपने अनुयायियों को पूर्ण परमात्मा कबीर साहेब द्वारा दिया गया तत्वज्ञान एवं शास्त्र अनुकूल सत् भक्ति प्रदान कर रहे है। दिन प्रतिदिन संत रामपाल जी महाराज के अनुयायियों द्वारा ऐसी घटनाएं सामने आने पर इस बात में कोई संशय नहीं रह गया है कि संत रामपाल जी महाराज एक अद्भुत समाज सुधारक भी है।

Latest articles

Easter Sunday 2026: Who Rose from the Tomb After Christ’s Death?

Last Updated on 3 April 2026 IST | Easter Sunday 2026: In this Blog,...

Shroud of Turin 2026 DNA Analysis: Scientific Evidence, India Link and the Truth Behind the Mystery 

India has once again emerged at the centre of global debate following the 2026...

भदाना गाँव के लिए संजीवनी बने संत रामपाल जी महाराज: 4 महीने के नरक से मिली मुक्ति

सोनीपत: हरियाणा के सोनीपत जिले का भदाना गाँव पिछले चार महीनों से एक ऐसी...
spot_img

More like this

Easter Sunday 2026: Who Rose from the Tomb After Christ’s Death?

Last Updated on 3 April 2026 IST | Easter Sunday 2026: In this Blog,...

Shroud of Turin 2026 DNA Analysis: Scientific Evidence, India Link and the Truth Behind the Mystery 

India has once again emerged at the centre of global debate following the 2026...