Google Down (गूगल डाउन): सोमवार को लगभग 37 मिनट डाउन रहा गूगल और इसके उत्पाद

Published on

spot_img

Google Down (गूगल डाउन): 14 दिसम्बर 2020 सोमवार को दिन में 37 मिनट के लिए गूगल बाबा ने काम करना बंद कर दिया। इसके चलते दुनिया भर में हड़कंप मच गया जिसके तहत कई कम्पनियाँ, कारोबार और यूट्यूब जैसी सेवाएं भी प्रभावित हुईं।

Google Down के मुख्य बिंदु

● करीब 37 मिनट तक रहा गूगल डाउन, यूट्यूब एवं अन्य कंपनियों पर पड़ा असर
● ट्विटर पर #GoogleDown और #youtubedown 1 मिनट में ही ट्रेंड करने लगा
● गूगल की सेवाएं भारत में ही नहीं बल्कि विश्व के अन्य हिस्सों में भी बंद हुईं
● लें पूर्ण परमात्मा से कनेक्शन और सुचारू करें अपनी सब सुख सुविधाएँ

Google Down से सर्विस को हुआ काफी नुकसान

इस 37 मिनट के गूगल डाउन (Google Down) से यूट्यूब (YouTube) को लगभग 12 करोड़ 81 लाख 13 हजार 427 रुपये का नुकसान हुआ। इस दौरान दुनिया में लगभग 54% लोग यूट्यूब (YouTube) नहीं देख सके, 75% लोग जीमेल (Gmail) पर यूज़र लॉग इन (User Log In) नहीं कर पाए।

Google Down के दौरान हुईं ढेरों शिकायतें दर्ज

सर्विस डाउन होने के कारण शाम 5 बजे तक यूट्यूब के लिए पचास हजार से अधिक और जीमेल के लिए लगभग 23000 और गूगल के लिए लगभग 19000 शिकायतें दर्ज की गईं। गूगल एवं यूट्यूब के साथ इसके अन्य उत्पाद भी हुए डाउन।

Google Down: सिर्फ यूट्यूब और गूगल के अलावा अन्य सेवाएं भी हुईं ठप्प

गूगल के अन्य उत्पाद जैसे गूगल डॉक्स, गूगल असिस्टेंट भी कार्य नहीं कर रहे थे। इन सेवाओं को पुनः स्थापित होने में लगभग एक घण्टे का समय लग गया। यूट्यूब ने अपने ट्विटर हैंडल से यह बताया भी कि उसे दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है एवं इस पर काम हो रहा है। लोगों ने ट्विटर पर जमकर टैग ट्रेंड किया। बताया गया कि इस तरह का गूगल डाउन पहले कभी देखने को नहीं मिला है।

पूर्ण परमात्मा से लें कनेक्शन

ये मानव निर्मित एप्स या सर्च इंजन जब काम करना बंद कर देते हैं तो हड़कम्प मचता है। कभी सोचा है, जब परमात्मा के कनेक्शन बंद होते हैं तब कैसी स्थिति आती है? तब होती है सांसारिक जीवों में हाहाकार विनाश लीला। जल प्रलय, विश्व युद्ध आदि के साथ तरह – तरह की बीमारियाँ और अप्रत्याशित शोकाकुल परिस्थितियाँ निर्मित हो जाती हैं। ऐसे समय में व्यक्ति ईश्वर को ही दोषी ठहराता है किन्तु वास्तव में जिम्मेदार वह स्वयं होता है। स्वयं क्यों होता है? उसने तो प्रलय या कष्ट आमंत्रित नहीं किए फिर? वह दोषी इसलिए होता है क्योंकि वह केवल अच्छा जीवन जीने और धन एकत्रित करने के प्रयास में लगा रहता है।

थोड़ा बहुत समय मिलने पर लोक वेद की शास्त्र विरुद्ध साधना में लगा देता है। ऐसी मनमुखी साधना से मनुष्य को कोई लाभ नहीं होता। गीता अध्याय 16 के श्लोक 23 के अनुसार शास्त्रों के विरुद्ध की गई साधना से व्यक्ति न सुख पाता है और न ही गति। पूजा या साधना लोक वेद के अनुसार नहीं बल्कि शास्त्र सम्मत विधि के अनुसार करनी चाहिए।

कैसी साधना उत्तम है?

पूर्ण परमात्मा कबीर साहब द्वारा सूक्ष्म वेद में वर्णित की गई साधना उत्तम है। यह साधना तत्वदर्शी संत ही बता सकते हैं। अतः पूर्ण तत्वदर्शी संत की शरण में जाने से मोक्ष प्राप्ति सम्भव है। गीता अध्याय 4 के श्लोक 34 में पूर्ण तत्वदर्शी संत की खोज करने व उनकी शरण में जाने के लिए कहा है।

जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज की शरण में जाने से ही मोक्ष सम्भव है

वर्तमान में पूर्ण तत्वदर्शी संत पूरे विश्व में एक ही हैं जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज। केवल उनकी शरण में जाने से ही मोक्ष सम्भव है। अधिक जानकारी के लिए देखें सतलोक आश्रम यूट्यूब चैनल

Latest articles

Guru Purnima 2026: Know about the Guru Who is no Less Than the God

Last Updated on 26 July 2026 IST| Guru Purnima (Poornima) is the day to...

संत रामपाल जी महाराज ने किसान मज़दूर बचाओ अभियान Phase 2 के तहत गांव भूरावास (झज्जर, हरियाणा) को दी जलभराव से राहत के लिए...

झज्जर (हरियाणा) के गांव भूरावास, जो पिछले कई वर्षों से जलभराव की गंभीर समस्या...

संत रामपाल जी महाराज से मिले विभिन्न जिलों के सरपंच और ग्राम प्रतिनिधि, जनकल्याण कार्यों के लिए किया सम्मानित

संत रामपाल जी महाराज द्वारा समाज सुधार, पर्यावरण संरक्षण, व्यसनमुक्ति और किसानों की भलाई...
spot_img

More like this

Guru Purnima 2026: Know about the Guru Who is no Less Than the God

Last Updated on 26 July 2026 IST| Guru Purnima (Poornima) is the day to...

संत रामपाल जी महाराज ने किसान मज़दूर बचाओ अभियान Phase 2 के तहत गांव भूरावास (झज्जर, हरियाणा) को दी जलभराव से राहत के लिए...

झज्जर (हरियाणा) के गांव भूरावास, जो पिछले कई वर्षों से जलभराव की गंभीर समस्या...