राजस्थान राज्य के चूरू जिले के अंतर्गत आने वाले झाड़सर कांदलान गाँव में श्री कृष्ण गौशाला संचालित की जा रही है। इस गौशाला का पंजीकरण वर्ष 2017 में हुआ था। अकाल ग्रस्त क्षेत्र होने के कारण इस क्षेत्र में चारे की भारी कमी रहती है और प्राकृतिक रूप से घास या हरा चारा उगना अत्यंत कठिन है।
क्षेत्र में सूखे और चारे के अभाव के कारण गौशाला में पल रहे सैकड़ों गौवंश के समक्ष भुखमरी की स्थिति उत्पन्न हो गई थी। स्थानीय स्तर पर पर्याप्त चारा न मिलने के कारण गौशाला प्रबंधन को गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
धनाना धाम में प्रार्थना एवं सर्वे उपरांत त्वरित निर्णय
चारे के गंभीर संकट से निपटने के लिए झाड़सर कांदलान गाँव के गौशाला प्रतिनिधि और ग्रामीण लगभग 240 किलोमीटर की दूरी तय करके धनाना धाम पहुँचे और जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज के समक्ष औपचारिक प्रार्थना रखी।
संत रामपाल जी महाराज के निर्देशानुसार प्रार्थना के तुरंत बाद गौशाला का सर्वे करवाया गया। सर्वे रिपोर्ट प्राप्त होने के मात्र बारह घंटे के भीतर संत रामपाल जी महाराज ने सहायता प्रेषित करने का आदेश जारी कर दिया।
500 क्विंटल चारे की प्रथम खेप और छह महीने की निरंतर सहायता का वादा
- गौशाला प्रतिनिधियों द्वारा तीन महीने के चारे की आवश्यकता बताई गई थी, परंतु संत रामपाल जी महाराज ने छह महीने तक लगातार हर महीने लगभग 500 क्विंटल सूखा चारा उपलब्ध कराने की घोषणा की।
- संत रामपाल जी महाराज के आदेश से लगभग 10 से 12 गाड़ियों और पिकअप के माध्यम से 500 क्विंटल से अधिक सूखा चारा (तूड़ा) झाड़सर कांदलान गौशाला में पहुँचाया गया।
- चारे की यह पूरी आपूर्ति, परिवहन किराए सहित पूरी तरह निशुल्क थी, और गौशाला समिति को इसके लिए किसी प्रकार का भुगतान नहीं करना पड़ा।
ग्रामीणों द्वारा भव्य स्वागत एवं अन्य क्षेत्रों में सेवा कार्य
- चारे से भरे वाहनों के काफिले के गाँव में पहुँचने पर हजारों की संख्या में ग्रामीणों, महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं ने संत रामपाल जी महाराज के स्वरूप पर फूल-मालाएँ अर्पित कर भव्य स्वागत किया।
- स्वागत समारोह के दौरान ट्रैक्टरों की लंबी कतारें लगाई गईं और ग्रामवासियों द्वारा संत रामपाल जी महाराज के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
- स्थानीय वक्ताओं ने बताया कि संत रामपाल जी महाराज द्वारा अन्नपूर्णा मुहिम के तहत गरीबों को रोटी, कपड़ा, मकान, शिक्षा और चिकित्सा जैसी सुविधाएँ दी जा रही हैं। इसके साथ ही बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पानी निकासी के लिए मोटरें और पाइप उपलब्ध कराने के कार्य भी किए गए हैं।
श्री कृष्ण गौशाला झाड़सर कांदलान सहायता वितरण तालिका
| विवरण बिन्दु | तथ्य एवं आँकड़े |
| स्थान एवं जिला | झाड़सर कांदलान, चूरू, राजस्थान |
| गौशाला का नाम | श्री कृष्ण गौशाला (पंजीकृत वर्ष 2017) |
| प्रार्थना की गई अवधि | 3 महीने का चारा |
| स्वीकृत सहायता अवधि | 6 महीने तक निरंतर (प्रतिमाह) |
| प्रेषित चारे की मात्रा | 500 क्विंटल से अधिक (पहली खेप) |
| प्रेषित वाहन संख्या | लगभग 10 से 12 गाड़ियाँ एवं पिकअप |
| सेवा प्रदाता | संत रामपाल जी महाराज |
झाड़सर कांदलान गौशाला में चारे की उपलब्धता का प्रभाव
संत रामपाल जी महाराज द्वारा प्रेषित इस 500 क्विंटल सूखे चारे के माध्यम से झाड़सर कांदलान की श्री कृष्ण गौशाला में चारे की तात्कालिक समस्या का पूर्ण समाधान हो गया है। छह महीने तक निरंतर चारा मिलने के आश्वासन से गौशाला प्रबंधन को बड़ी राहत मिली है।
ग्रामीणों और गौशाला समिति के सदस्यों ने संत रामपाल जी महाराज के इस सेवा कार्य को ऐतिहासिक बताते हुए उनके प्रति कृतज्ञता प्रकट की ।



