संत रामपाल जी महाराज द्वारा चरखी दादरी के बिलावल गाँव की गौशाला हेतु 250 क्विंटल चारा प्रेषित

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हरियाणा राज्य के चरखी दादरी जिले के अंतर्गत आने वाले बिलावल गाँव में एक गौशाला संचालित की जा रही है, जिसमें लगभग 250 से 300 गौवंश पल रहे हैं। यह गौशाला जंगल क्षेत्र में स्थित है, जहाँ न तो पक्की छत या शेड की व्यवस्था है और न ही गौशाला के चारों ओर चारदीवारी बनी हुई है। 

क्षेत्र में चारे की भारी कमी के कारण स्थानीय लोग अपनी सीमित क्षमता से किसी तरह व्यवस्था चलाने का प्रयास कर रहे थे, परंतु पर्याप्त मात्रा में सूखा चारा (तूड़ा) जुटाना बेहद कठिन हो रहा था। कड़ाके की ठंड, बरसात और धूप के कारण मवेशियों तथा प्रबंधकों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।

धनाना धाम में प्रार्थना एवं त्वरित प्रशासनिक आदेश

चारे के इस गंभीर संकट से मुक्ति पाने के लिए बिलावल गाँव के गौशाला प्रधान राजेश, सरपंच नरसिंह और अन्य ग्रामीण लगभग 20 से 30 व्यक्तियों के साथ हरियाणा के धनाना धाम पहुँचे। प्रतिनिधियों ने जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज के चरणों में उपस्थित होकर 250 क्विंटल सूखे चारे, शेड के निर्माण और एक एम्बुलेंस की आवश्यकता का प्रार्थना पत्र सौंपा। 

संत रामपाल जी महाराज ने प्रार्थना स्वीकार करते हुए अगले ही दिन 250 क्विंटल सूखा चारा उपलब्ध कराने का आदेश जारी कर दिया।

250 क्विंटल चारे की प्रथम खेप का सफल प्रेषण

  • सेवादारों की अन्य व्यस्तताओं के कारण चारे की यह खेप एक सप्ताह के भीतर बिलावल गौशाला तक पहुँचाई गई।
  • संत रामपाल जी महाराज के निर्देशानुसार 5 वाहनों और पिकअप कैंटर के माध्यम से कुल 250 क्विंटल सूखा चारा (तूड़ा) बिलावल गौशाला में सफलतापूर्वक हैंडओवर कर दिया गया।
  • गौशाला समिति के सदस्यों ने पुष्टि की कि यह पूरा चारा पूरी तरह निशुल्क प्राप्त हुआ है और इसके लिए कोई शुल्क नहीं लिया गया है।
  • चारे की इस बड़ी खेप के पहुँचने से गौशाला में पल रहे लगभग 300 गौवंश की तात्कालिक भूख और चारे की समस्या का समाधान हो गया है।

गौशाला प्रबंधन, जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों की प्रतिक्रियाएँ

  • बिलावल गौशाला के प्रधान राजेश और सरपंच नरसिंह ने बताया कि उन्होंने स्थानीय नेताओं और अन्य राजनीतिक प्रतिनिधियों से गुहार लगाई थी, परंतु कहीं से कोई सहायता नहीं मिली। अंततः संत रामपाल जी महाराज की शरण में जाने पर उनकी प्रार्थना तुरंत स्वीकार कर ली गई।
  • पूर्व जिला पार्षद और कांग्रेस पार्टी के उपाध्यक्ष सुमित भी बिलावल गाँव में आयोजित नेत्र जाँच शिविर के दौरान उपस्थित रहे और उन्होंने संत रामपाल जी महाराज द्वारा समाज सेवा तथा गौ सेवा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की।
  • सेवादार देवेंद्र दास और अन्य वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि संत रामपाल जी महाराज का उद्देश्य केवल मनुष्य सेवा तक सीमित नहीं है, बल्कि वे पशु-पक्षियों, गरीबों, किसानों और जरूरतमंदों के लिए समान भाव से कार्य कर रहे हैं।

बिलावल गौशाला चारा वितरण विवरण तालिका

विवरण बिन्दुतथ्य एवं आँकड़े
स्थान एवं जिलाबिलावल गाँव, चरखी दादरी, हरियाणा
गौवंश संख्यालगभग 250 से 300 गौवंश
प्रेषकसंत रामपाल जी महाराज (धनाना धाम)
प्रार्थना की गई मात्रा250 क्विंटल सूखा चारा
प्रेषित चारे की मात्रा250 क्विंटल सूखा चारा (तूड़ा)
प्रेषित वाहनों की संख्या5 पिकअप कैंटर / वाहन
प्रमुख माँगेसूखा चारा, शेड निर्माण, एम्बुलेंस

संत रामपाल जी महाराज द्वारा संचालित व्यापक लोक कल्याणकारी योजनाएँ

  • संत रामपाल जी महाराज के सानिध्य में पूरे देश और विदेश में अन्नपूर्णा मुहिम चलाई जा रही है, जिसके तहत जरूरतमंद परिवारों को प्रति माह राशन दिया जाता है।
  • गरीब परिवारों की बेटियों के विवाह दहेज मुक्त तरीके से संपन्न कराए जाते हैं।
  • छोटे किसानों को ढाई एकड़ तक की भूमि के लिए खाद और बीज निशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
  • बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों और अन्य आपदाओं में फँसे नागरिकों को भोजन, वस्त्र और आवश्यक राहत सामग्री तुरंत मुहैया कराई जाती है।

बिलावल गौशाला में चारे की प्राप्ति का सकारात्मक प्रभाव

संत रामपाल जी महाराज द्वारा प्रेषित 250 क्विंटल सूखे चारे के मिलने से बिलावल गाँव की गौशाला में राहत की लहर दौड़ गई है। गौशाला प्रबंधन और ग्रामीणों ने संत रामपाल जी महाराज के प्रति गहरी कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि इस अकाल ग्रस्त और संकटपूर्ण समय में इतनी तीव्र गति से सहायता पहुँचाना एक अभूतपूर्व कार्य है। गौशाला समिति को आगामी समय में शेड और अन्य सुविधाओं के भी शीघ्र पूरा होने की पूर्ण उम्मीद है।

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