Punjab Train Accident 2 June 2024: सरहिंद रेलवे स्टेशन पर दो मालगाड़ियों की जबरदस्त भिड़ंत, दो लोको पायलट गम्भीर रूप से घायल

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फतेहगढ़ साहिब, 2 जून 2024: न्यू सरहिंद रेलवे स्टेशन पर रविवार तड़के 3:30 बजे भयानक ट्रेन दुर्घटना (Punjab Train Accident) हो गई है। कोयले से भरी एक खड़ी मालगाड़ी को दूसरी मालगाड़ी ने टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि पीछे वाली मालगाड़ी का ईंजन खड़ी हुई गाड़ी के ऊपर चढ़ते हुए बगल के ट्रैक पर जा गिरा जिसमें अंबाला से जम्मू तवी की तरफ जा रही पैसेंजर गाड़ी समर स्पेशल(04681) भी क्षतिग्रस्त हो गई। राहत की बात है कि इस दुर्घटना में किसी की जान नहीं गई। हांलाकि, ट्रेनों और ट्रैक को भारी नुकसान हुआ है। इस कारण यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

  • सरहिंद रेलवे स्टेशन के पास दो मालगाड़ियां आपस में टकराईं।
  • दो लोको पायलट गंभीर रूप से घायल हुए।
  • रेलवे ट्रैक क्षतिग्रस्त होने से ट्रेनों की आवाजाही बाधित।
  • हादसे के कारणों की जांच जारी।

सूत्रों के मुताबिक, हादसा उस समय हुआ जब रोपड़ की ओर जाने वाली कोयले से भरी एक मालगाड़ी डीएफसीसी ट्रैक के न्यू सरहिंद स्टेशन के पास रुकी हुई थी। उसी ट्रैक पर एक अन्य मालगाड़ी आयी और सीधे खड़ी हुई मालगाड़ी के ऊपर चढती हुई पलट कर बगल वाले ट्रैक पर जा गिरी, जिसमें अंबाला से जम्मू तवी की तरफ जा रही पैसेंजर गाड़ी समर स्पेशल(04681) आकर रुक रही थी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दोनों ट्रेनों के ईंजन क्षतिग्रस्त हो गए और पैसेंजर गाड़ी का भी ईंजन क्षतिग्रस्त हो गया। 

दोनों मालगाड़ियों की भिड़ंत में दोनों गाड़ियों के लोको पायलट बुरी तरह से घायल हो गए हैं। ईंजन के काँच को तोड़कर उन्हें बाहर निकाला गया और एम्बुलेंस के माध्यम से उनको तुरंत सिविल अस्पताल में ले जाया गया।

injured Loco pilot

जहां से उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें राजिंद्रा अस्पताल पटियाला में रेफर कर दिया गया है। उनका इलाज जारी है। घायलों की पहचान विकास कुमार (37) और हिमांशु कुमार (31) के रूप में हुई है। दोनों सहारनपुर (यूपी) के निवासी हैं। 

सिविल अस्पताल फतेहगढ़ साहिब की डॉक्टर इवेनप्रीत कौर ने बताया कि विकास कुमार के सिर में गंभीर चोट आई है और हिमांशु के पीठ पर चोट आई है, वह चलने में असमर्थ है।

■ Also Read: Andhra Pradesh Train Accident [Hindi]: आंध्र ट्रेन दुर्घटना में 13 की मौत, 50 घायल, मानवीय भूल के कारण टक्कर की आशंका

हादसे के कारण रेलवे ट्रैक क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे ट्रेनों की आवाजाही बाधित हो गई है। रेलवे अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर मरम्मत कार्य शुरू करवा दिया है। अनुमान लगाया जा रहा है कि ट्रैक की मरम्मत में कई घंटे लग सकते हैं। इस हादसे के कारण यात्रियों को भी भारी असुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे विभाग ने यात्रियों से धैर्य रखने की अपील की है।

Punjab Train Accident Hindi: रेलवे अधिकारियों ने हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि हादसा सिग्नल में खराबी के कारण हो सकता है। पिछले कुछ वर्षों में, भारत में कई रेल हादसे हुए हैं, जिनमें कई लोगों की जान भी चली गई है। इन हादसों से रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान भी लगता जा रहा है।   

इस तरह के हादसे आए दिन होते ही रहते हैं। ऐसे हादसों में कभी-कभी तो एक ही परिवार के कई सदस्यों की जान तक चली जाती है। बात जब हादसे के कारणों पर आती है तो सभी अपने-अपने हिसाब से अंदाजा लगाते हैं। जांचे होती हैं, जिसमें मानवीय गुण-दोषों पर आधारित या और भी कई तरह के कारणों का हवाला दिया जाता है, किंतु वास्तविक कारण क्या है इससे सभी अंजान ही रह जाते हैं। जिसे जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज जी ने बेहद सरल भाषा में हमारे पौराणिक सद्ग्रंथों से प्रमाणित करते हुए बताया है कि – 

कबीर, काल कसाई हंसत है, सर्व लोक कूं खाय।  

अंकुश निर्गुण नाम का, सतगुरु दर पकड़ा जाय।।

हम जिस लोक में रह रहे हैं यह काल का लोक है। कबीर परमेश्वर जी ने काल को कसाई कहा है जो अपने स्वार्थ के लिए मनुष्यों को पाले हुए है क्योंकि उसे शाप लगा हुआ है कि प्रतिदिन वह एक लाख मनुष्य शरीरधारी प्राणियों को खाकर अपनी भूख शांत करेगा और वह अपने इसी स्वार्थ के लिए प्रतिदिन कुछ ना कुछ कारण बनाकर जीवों को मारता है। कहीं भूकंप तो कहीं बाढ़ या कहीं पर लड़ाई-झगड़े तो कहीं वाहनों की दुर्घटना हो जाती है।

संत रामपाल जी महाराज बताते हैं कि इस तरह की दुर्घटनाओं से बचने का केवल एक ही उपाय है, पूर्ण सतगुरु से नाम उपदेश प्राप्त करके, सच्चे नाम का स्मरण करके परमात्मा की शरण में रहना। वर्तमान समय में पवित्र सद्ग्रंथों से प्रमाणित ज्ञान केवल जगतगुरु तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज जी ही बता रहें हैं जो शास्त्र अनुकूल भक्ति बताकर सबको सुखी बना रहे हैं और काल के ऐसे प्रकोप से भी सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं। अधिक जानकारी के लिए आज ही डाउनलोड करें “संत रामपाल जी महाराज” एंड्रॉयड/आईओएस एप्लीकेशन।

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