November 30, 2025

डायमंड लीग फाइनल 2025: नीरज चोपड़ा ने लगातार तीसरी बार जीता सिल्वर, 2022 में बने थे गोल्ड मेडलिस्ट

Published on

spot_img

भारत के स्टार भाला फेंक खिलाड़ी और ओलंपिक चैंपियन नीरज चोपड़ा ने डायमंड लीग फाइनल 2025 में 85.01 मीटर का थ्रो कर लगातार तीसरी बार रजत पदक जीता। नीरज ने 2022 में गोल्ड हासिल किया था, जबकि 2023, 2024 और अब 2025 में उन्हें सिल्वर से संतोष करना पड़ा।

इस बार जर्मनी के जूलियन वेबर का दबदबा देखने को मिला। उन्होंने पहले प्रयास में 91.37 मीटर और दूसरे प्रयास में 91.57 मीटर का थ्रो किया, जो उनका व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ और इस सीजन का वर्ल्ड लीडिंग थ्रो रहा। त्रिनिदाद एंड टोबैगो के केशोर्न वालकॉट ने 84.95 मीटर थ्रो कर कांस्य पदक जीता।

नीरज चोपड़ा की दमदार कोशिशें

नीरज ने पहले प्रयास में 84.35 मीटर, दूसरे में 82 मीटर फेंका। इसके बाद तीन बार फाउल किया। हालांकि आखिरी प्रयास में 85.01 मीटर तक पहुंचे और दूसरा स्थान सुरक्षित किया।

टॉप-3 रिज़ल्ट 

1. जूलियन वेबर (जर्मनी) – 91.57 मीटर

2. नीरज चोपड़ा (भारत) – 85.01 मीटर

3. केशोर्न वालकॉट (त्रिनिदाद एंड टोबैगो) – 84.95 मीटर

नीरज चौपड़ा का बयान

मैच के बाद नीरज ने कहा:

“यह प्रदर्शन बुरा नहीं था, लेकिन वर्ल्ड चैंपियनशिप से पहले मुझे और सुधार करना होगा। जूलियन ने बेहतरीन थ्रो किए और 91 मीटर पार करना वाकई कमाल है।”

इस सीजन में नीरज का प्रदर्शन

  • दोहा डायमंड लीग (मई 2025): नीरज ने करियर का सर्वश्रेष्ठ 90.23 मीटर फेंका और पहली बार 90 मीटर का आंकड़ा पार किया। वे दूसरे स्थान पर रहे, जबकि वेबर ने 91.06 मीटर थ्रो कर गोल्ड जीता।
  • पेरिस डायमंड लीग (जून 2025): नीरज ने 88.16 मीटर फेंककर गोल्ड जीता। वेबर दूसरे और ब्राजील के मौरिसियो सिल्वा तीसरे स्थान पर रहे।
  • बेंगलुरु NC क्लासिक (जुलाई 2025): नीरज ने 86.18 मीटर के साथ खिताब जीता।

नीरज VS वेबर

2025 सीजन में दोनों चार बार आमने-सामने आए। नीरज ने केवल पेरिस में जीत दर्ज की, जबकि वेबर ने तीन बार बाज़ी मारी। हालांकि 2016 से अब तक के 20 मुकाबलों में नीरज 15–5 से आगे हैं।

Also Read: World Athletics Championship | 19 साल बाद एथलीट नीरज चोपड़ा (Neeraj Chopra) ने जीता जेवलिन स्पर्धा में सिल्वर मेडल 

डायमंड लीग क्या है?

डायमंड लीग एथलेटिक्स का वार्षिक टूर्नामेंट है, जिसमें अलग-अलग देशों के 16 इवेंट्स (मेंस और विमेंस) शामिल होते हैं। यह मई से सितंबर तक चलता है और फाइनल के साथ समाप्त होता है। हर इवेंट में टॉप-8 खिलाड़ियों को पॉइंट्स मिलते हैं और सीजन के अंत में विजेता को ट्रॉफी व कैश प्राइज मिलता है।

अब टोक्यो पर नज़र

नीरज चोपड़ा अब 13 से 21 सितंबर 2025 तक टोक्यो में होने वाली वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में अपने खिताब का बचाव करेंगे। पिछले साल बुडापेस्ट में उन्होंने 88.17 मीटर फेंककर गोल्ड जीता था।

निष्कर्ष : नीरज की सिल्वर से गोल्ड की ओर नई उम्मीद

डायमंड लीग फाइनल 2025 नीरज चोपड़ा के लिए गोल्ड में तब्दील नहीं हो पाया, लेकिन लगातार तीसरी बार सिल्वर जीतकर उन्होंने एक बार फिर अपनी विश्वस्तरीय क्षमता साबित की। जूलियन वेबर इस बार ज़्यादा मजबूत साबित हुए और 91.57 मीटर का शानदार थ्रो किया। फिर भी, नीरज ने दिखा दिया कि वे किसी भी बड़े मंच पर भारत का झंडा ऊँचा करने में सक्षम हैं। अब पूरा देश 13 से 21 सितंबर 2025 तक टोक्यो में होने वाली वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप की ओर देख रहा है, जहाँ नीरज अपने गोल्ड की रक्षा करेंगे।

डायमंड लीग फाइनल 2025: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q1. नीरज चोपड़ा ने डायमंड लीग फाइनल 2025 में कौन सा पदक जीता?

नीरज ने 85.01 मीटर थ्रो कर लगातार तीसरी बार सिल्वर मेडल जीता।

Q2. गोल्ड मेडल किसे मिला और कितने मीटर का थ्रो किया गया?

जर्मनी के जूलियन वेबर ने 91.57 मीटर थ्रो कर गोल्ड मेडल जीता।

Q3. कांस्य पदक किस खिलाड़ी ने जीता?

त्रिनिदाद एंड टोबैगो के केशोर्न वालकॉट ने 84.95 मीटर थ्रो कर ब्रॉन्ज मेडल जीता।

Q4. इस सीजन में नीरज और वेबर कितनी बार आमने-सामने आए?

2025 सीजन में दोनों चार बार भिड़े। नीरज ने पेरिस में जीत दर्ज की, जबकि वेबर ने तीन बार बाज़ी मारी।

Q5. नीरज चोपड़ा का अगला बड़ा टूर्नामेंट कौन सा है?

नीरज 13 से 21 सितंबर 2025 तक टोक्यो में होने वाली वर्ल्ड एथलेटिक्स चैंपियनशिप में हिस्सा लेंगे और अपने गोल्ड की रक्षा करेंगे।

आध्यात्मिक दृष्टिकोण: स्थायी शांति की तलाश

खेलों की दुनिया में जीत और हार सामान्य है। खिलाड़ी वर्षों की मेहनत और साधना के बाद भी हर बार अपनी अपेक्षाओं पर खरे नहीं उतर पाते। यही सवाल आम इंसान की जिंदगी में भी है । इतना प्रयास करने के बाद भी मन को सुकून और शांति का अनुभव क्यों नहीं होता?

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की रिपोर्ट के अनुसार हर साल करोड़ों लोग डिप्रेशन और एंग्जायटी से जूझते हैं। योग, ध्यान और मेडिटेशन जैसे उपाय केवल अस्थायी राहत देते हैं। तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज बताते हैं कि स्थायी शांति और संतोष केवल शास्त्रानुसार भक्ति से संभव है, जो वेदों और गीता में बताई गई है। जब इंसान असली परमात्मा को पहचानकर उसकी शरण में जाता है, तभी जीवन का वास्तविक उद्देश्य पूरा होता है।

अधिक जानकारी के लिए विज़िट करें: www.jagatgururampalji.org

Latest articles

International Day of Persons With Disabilities 2025: Know the Ultimate Emphatic Cure of Disabilities

Last Updated on 30 November 2025 IST: World Disability Day 2025: International Day of...

संत रामपाल जी महाराज ने दिलाई बाढ़ से राहत: मायड़ (हिसार, हरियाणा) गांव को जीवनदान देने वाली अनोखी कहानी

हरियाणा के हिसार जिले का मायड़ गाँव इस वर्ष की भीषण बारिश और जलभराव...

रिटौली गांव में आशा की किरण बने संत रामपाल जी महाराज: बाढ़ से जूझते किसानों को मिली अभूतपूर्व राहत

हरियाणा के रोहतक जिले के रिटौली गांव की कहानी महज़ एक बार की बाढ़...

World AIDS Day 2025: Sat-Bhakti can Cure HIV / AIDS Completely

Last Updated on 29 November 2025: World AIDS Day is commemorated on December 1...
spot_img

More like this

International Day of Persons With Disabilities 2025: Know the Ultimate Emphatic Cure of Disabilities

Last Updated on 30 November 2025 IST: World Disability Day 2025: International Day of...

संत रामपाल जी महाराज ने दिलाई बाढ़ से राहत: मायड़ (हिसार, हरियाणा) गांव को जीवनदान देने वाली अनोखी कहानी

हरियाणा के हिसार जिले का मायड़ गाँव इस वर्ष की भीषण बारिश और जलभराव...

रिटौली गांव में आशा की किरण बने संत रामपाल जी महाराज: बाढ़ से जूझते किसानों को मिली अभूतपूर्व राहत

हरियाणा के रोहतक जिले के रिटौली गांव की कहानी महज़ एक बार की बाढ़...